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रबी सीजन: डेढ लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की होगी बोनी

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डेढ़ लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की होगी बोनी
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रबी सीजन में चना, मटर, मसूर की बुवाई शुरू
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। रबी सीजन में किसानों ने चना, मटर, मसूर की बुवाई प्रारंभ कर दी है। वहीं, कृषि विभाग ने इस बार सर्वाधिक डेढ़ लाख हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की बुवाई का लक्ष्य निर्धारित किया है। इस तरह जिले में कुल दो लाख अठासी हजार हेक्टेयर क्षेत्र में विभिन्न जिन्सों की बुवाई होने का अनुमान जताया जा रहा है।
खरीफ सीजन किसानों के लिए अच्छा नहीं रहा है। इस दौरान अतिवृष्टि से बड़े पैमाने पर उड़द फसल को नुकसान हुआ। इससे किसान अभी उबर नहीं पाए हैं। हालांकि, दशहरा के आसपास दलहनी फसलों की बोनी आरंभ हो जाती है। इसके मद्देनजर किसानों ने रबी सीजन में बुवाई प्रारंभ कर दी है, जिसमें 636 हेक्टेयर क्षेत्र में चना, 3716 हेक्टेयर क्षेत्र में मटर, 517 हेक्टेयर क्षेत्र में मसूर की बुवाई हो चुकी है। कुछ किसानों ने खेत की नमी में चना, मसूर, मटर के बीज डाल दिए हैं तो कई किसानों ने कूप से पानी लेकर बुवाई की है। जिन किसानों के पास सिंचाई के अन्य स्रोत नहीं है, वे नहर खुलने का इंतजार कर रहे हैं। इस बार किसान सबसे ज्यादा गेहूं की बुवाई करने के मूड में है। इसके पीछे कारण बांध लबालब भरे होना है। इसमें तीन से चार बार सिंचाई की आवश्यकता पड़ती है जो पूरी होने की उम्मीद है। यही वजह है कि किसान रबी सीजन की बुवाई को लेकर उत्साहित नजर आ रहा है।
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ये है बांधों का स्तर
गोविंद सागर बांध में पूर्ण जल स्तर 363.93 मीटर के सापेक्ष 363.87 मीटर, शहजाद बांध में 321.80 मीटर के मुकाबले 321 मीटर, जामनी बांध में 403.55 मीटर के सापेक्ष 403.49 मीटर, सजनाम बांध में 373.20 मीटर के मुकाबले 373.18 मीटर, रोहणी बांध में 396.39 मीटर के सापेक्ष 396.39 मीटर जल स्तर बना हुआ है।

इतना है लक्ष्य
गेहूं 155242 हेक्टेयर, जौ 8691 हेक्टेयर, चना 15897 हेक्टेयर, मटर 74324 हेक्टेयर, मसूर 25818 हेक्टेयर, राई/सरसों 8356 हेक्टेयर, तोरिया 153 हेक्टेयर क्षेत्र में बोई जाएगी।
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माह के अंत में खोली जाएगी नहर
माह के अंत में नहरों का परिचालन किया जाएगा। इस बार किसानों को तीन बार सिंचाई के लिए पानी देने पर सहमति बन गई है।
विकासदीप भारती, अवर अभियंता
राजघाट निर्माण खंड

खाद के बढ़े दाम दे रहे झटका
डीएपी के तीसरी बार दाम बढ़ाए गए हैं। जुलाई माह में 50 किलो की बोरी का रेट बारह सौ नब्बे था। इसके बाद नया रेट बारह सौ नब्बे हुआ। कुछ दिनों बाद तेरह सौ चालीस रेट की डीएपी बाजार में आई। अब चौदह सौ पचास रुपये की डीएपी बाजार में आने वाली है जो किसानों में चर्चा का विषय बना हुआ है।

रबी सीजन में बुवाई का लक्ष्य तय
रबी सीजन में फसल की बुवाई के लिए रकवा का लक्ष्य तय कर दिया गया है। इस बार खेती के लिए अनुकूल समय है। किसानों ने बुवाई भी शुरू कर दी है।
गौरव यादव, जिला कृषि अधिकारी
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