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एक हैंडपंप से प्यास बुझा रही टपरियन सहरिया बस्ती

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एक हैंडपंप से प्यास बुझा रही टपरियन सहरिया बस्ती
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दो हैंडपंप खराब तो एक से निकलता नाम मात्र पानी
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। नगर की सीमा विस्तार में गांव से शहर आए लोगों को भला नहीं हो सका है। जहां नगर पालिका ने अभी तक उचित साफ-सफाई के इंतजाम किए हैं तो वहीं, जल संस्थान उनके लिए पीने के पानी व्यवस्था कर पाया है। इसकी बानगी वार्ड नंबर 23 रावतयाना की टपरियन सहरिया बस्ती है। यहां के वाशिंदों को चार में से एक हैंडपंप से प्यास बुझानी पड़ रही है।
पिछले वर्षों के मुकाबले इस सीजन में सबसे ज्यादा नगरवासियों को पेयजल संकट से जूझना पड़ा है और जो ग्रामीण क्षेत्र से शहर में आए हैं, उन्हें इसकी मार झेलनी पड़ी है। इसकी वजह साफ है जिन क्षेत्रों में हैंडपंप खराब हुए हैं या रीबोर की स्थिति में आए हैं, उनका समय से समाधान नहीं हुआ है। इससे वार्ड नंबर 23 रावतयाना की टपरियन सहरिया बस्ती भी अछूती नहीं रही। इस बस्ती में न तो प्राचीन जलस्रोत हैं और न ही पाइप पेयजल की सुविधा की है। पूरी बस्ती हैंडपंप के पानी पर निर्भर है। वर्तमान में चार हैंडपंपों में से दो खराब हैं। बीते माहों में एक नया हैंडपंप लगाया गया है, जिसमें नाम मात्र ही पानी निकलता है। एक अन्य हैंडपंप 15 दिनों से खराब पड़ा है। इसकी मरम्मत नहीं होने से समूची बस्ती एक ही हैंडपंप पर निर्भर होकर रह गई है। इस हैंडपंप पर दबाव अधिक होने से कई बार पानी निकलना बंद हो जाता है। ऐसे में काफी इंतजार के बाद हैंडपंप में दोबारा पानी आता है। इससे समूची बस्ती में पेयजल का संकट बना हुआ है। इसके बाद भी विभागीय अधिकारी इस बस्ती की सुध नहीं ले रहे हैं।
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हैंडपंप चलाने पर उखड़ने लगती सांस
बस्ती में एक ही हैंडपंप पानी दे रहा है। अन्य जो हैंडपंप लगे हैं वह किसी काम के नहीं हैं। एक नया हैंडपंप लगवाया गया था, उसमें एक बाल्टी पानी निकलता है। एक हैंडपंप के सहारे पूरी बस्ती के लोग हैं। इससे कई बार पानी कम निकलने लगता हैं, ऐसे में पानी भरते-भरते सांस उखड़ने लगती है। बस्ती में पानी की बहुत समस्या है।
चुन्नीलाल

नहीं सुधारे जा रहे खराब हैंडपंप
खराब हैंडपंपों को सुधारा नहीं जा रहा है। जो पंद्रह दिन पहले हैंडपंप खराब हुआ है, उसमें अच्छा पानी है। यदि वह सुधर जाए तो एक ही हैंडपंप पर पानी भरने की भीड़ नहीं लगेगी। दोपहर तीन बजे से रात्रि आठ बजे तक भीड़ देखते ही बनती है।
गुड्डी
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बस्ती में नहीं कोई सुविधा
बस्ती में न तो नालियां पक्की बनी हैं और न ही साफ-सफाई होती है। किसी तरह आसपास लगे हैंडपंप से पानी भरते थे, वह भी खराब हो गए हैं। एक ही हैंडपंप चालू होने से पानी भरने वालों को कई घंटे इंतजार करना पड़ता है। इससे घर के दूसरे काम नहीं कर पाते हैं।
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अनीता सहरिया
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पानी भरने में हाथ बंटाते परिवार का
हैंडपंप पर पानी भरने वालों की भीड़ अधिक पड़ती है, इसलिए दोपहर में जब हैंडपंप खाली रहता है तो उस समय पानी भरते हैं, जिससे शाम के समय हैंडपंप पर घंटों खड़ा नहीं रहना पड़े। ऐसे में मम्मी घर का काम कर लेती हैं और पानी भी भर जाता है।
डोली
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दुरूस्त कराएंगे खराब हैंडपंप
टपरियन बस्ती में खराब हैंडपंप की जानकारी मिली है। इसकी हकीकत जानने के लिए मौके का सत्यापन कराया जाएगा। खराब हैंडपंप शीघ्र ही दुरूस्त करा दिए जाएंगे।
केपी सिंह, अधिशासी अभियंता
जल संस्थान
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