फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लिपिक के घर चोरी में तीन चोरों को पांच वर्ष की सजा

विज्ञापन
विज्ञापन
लिपिक के घर चोरी में तीन चोरों को पांच वर्ष की सजा
विज्ञापन

आठ-आठ हजार रुपये अर्थदंड लगाया
सोने-चांदी के जेवरात समेत कीमती सामान किया था चोरी
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। अपर सत्र न्यायाधीश (दस्यु प्रभावित क्षेत्र) मनोज कुमार शुक्ला की अदालत ने देवगढ़ रोड निवासी एक विकास भवन में तैनात एक लिपिक के मकान का ताला तोड़कर रात्रि में चोरी करने के मामले में तीन अभियुक्तों को दोषी पाते हुए पांच-पांच वर्ष के कठोर कारावास और आठ-आठ हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड अदा न करने पर छह-छह माह का अतिरिक्त कारावास भी भुगतना होगा।
विज्ञापन

सहायक शासकीय अधिवक्ता लखनलाल यादव ने बताया कि छह वर्ष पूर्व देवगढ़ रोड निवासी लिपिक संजय तिवारी पुत्र स्व. सुकदेव तिवारी ने थाना कोतवाली को दी तहरीर में बताया था कि पांच जुुलाई 2012 को वह सपरिवार बाहर गए थे। पांच-छह जुलाई की रात्रि चोर उनके घर में घुसकर कीमती सामान चुरा ले गए। घटना की तत्काल सूचना उन्हें मोबाइल द्वारा दी गई थी। जिस पर वह छह जुलाई 2012 को दोपहर बारह बजे के लगभग घर लौटे तो देखा की उनके घर चोरी हो गई थी। उन्होंने घर में देखा तो घर में रखे कीमती सामानों में चांदी को बॉक्स, एक चांदी का गुच्छा, एक मोतियों का हार, एक सादा हार, दो जोड़ा कान की बाली, लगभग आठ-दस चांदी के सिक्के, एक पन्ना नग की अंगूठी, माणिक मूंगा मोती, अमेरिकन डायमंड सहित करीब एक दर्जन कीमती नग, एक हाथ घड़ी नई, नगदी , जिसका अनुमान नहीं है, सोने-चांदी के छोटे टूटे फूटे सामान के अलावा बेशकीमती सामान, उनकी पत्नी के नाम दो एटीएम व उनके लड़के व उनके खुद के नाम बैंक से जारी एटीएम कार्ड चोरी होना पाया गया। संजय तिवारी की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी थी। विवेचना के दौरान 14 अगस्त 2012 को एसओजी प्रभारी सुनीत कुमार सिंह द्वारा हमराहियों के साथ शमशान घाट चंडी मंदिर के पीछे से चार अभियुक्तों को पकड़ा, जिन्होंने अपने नाम नई बस्ती स्थित लिटिल फ्लावर के पास निवासी अरविंद परमार पुत्र देवेंद्र सिंह, शमशान घाट, नईबस्ती निवासी राजन सिंह पुत्र गोविंद सिंह बुंदेला, गांधीनगर निवासी जीतू परिहार व नेहरू नगर निवासी नवल अहिरवार पुत्र हरनारायण बताया। उसके कब्जे से पुलिस ने नकद रुपये समेत चोरी किया हुआ सोने-चांदी समेत अन्य सामान बरामद किया था। पूछताछ में अन्य अभियुक्तों नई बस्ती निवासी शिवम तिवारी पुत्र आदित्य नारायण तिवारी, गांधीनगर निवासी अरविंद पाल पुत्र रामसेवक पाल, लेड़ियापुरा निवासी बंटी धोबी पुत्र गोविंद सिंह रजक एवं नई बस्ती निवासी रहीम खां पुत्र सगीर खां के नाम प्रकाश में आए थे। इनमें से घटना में शामिल पांच अभियुक्तों जीतू परिहार, नवल अहिरवार, अरविंद पाल, शिवम् तिवारी व बंटी रजक द्वारा पूर्व में ही अपना जुर्म इकबाल न्यायालय में कर लिया था। बाकी अन्य तीन अभियुक्तों के संबंध में न्यायालय ने देवगढ़ रोड निवासी संजय तिवारी के मकान में हुई चोरी के मामले में उक्त अभियोजन पक्ष की ओर से पेश की गई दलीलों, साक्ष्यों व गवाहों के आधार पर सुनवाई करते हुए न्यायाधीश ने अभियुक्त अरविंद परमार उर्फ बंटी राजा, राजन उर्फ राजेंद्र व रहीम खां को घर में घुसकर चोरी करने के उक्त मामले में दोषी पाते हुए कुल पांच-पांच वर्ष के कठोर कारावास और आठ-आठ हजार रुपये अर्थदंड लगाया। अर्थदंड अदा न करने पर छह-छह माह अतिरिक्त कारावास भी भुगतना होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें