युवा पीढ़ी को तंबाकू उत्पादों के सेवन से खतरा
ललितपुर। विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर विभिन्न शिक्षण संस्थाओं में गोष्ठी आयोजित की गई। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि हमारे देश की युवा पीढ़ी को तंबाकू उत्पादों के सबसे अधिक खतरा है। तंबाकू के सेवन से हमारी लार ग्रंथियां नष्ट हो जाती है और भोजन आसानी से नहीं पचता है। इतना ही नहीं, कैंसर की समस्या उत्पन्न हो जाती है।
पहलवान गुरुदीन ग्रुप ऑफ कॉलेज पनारी में संस्थापक पारसनाथ नाथ यादव ने तंबाकू के बढ़ते खतरे और दुष्परिणामों के बारे में विचार रखे। प्रबंधक डॉ. सूर्यनाथ यादव ने कहा कि आज विश्व भर में तंबाकू से नई-नई बीमारियां जन्म ले रहीं हैं, जिसके गंभीर परिणाम सामने आ रहे हैं। भारत में पिछले कुछ वर्षों की अपेक्षा तंबाकू सेवन के प्रतिशत में मामूली गिरावट आई है। हम अपनी युवा पीढ़ी को इस गंभीर खतरे से बचा सकते हैं। प्रबंध निदेशक सौरभ यादव ने बताया कि तंबाकू का प्रयोग दिन प्रतिदन बढ़ता जा रहा है। डॉ. विनोद कुमार ने कहा किसी भी तंबाकू उत्पाद का इस्तेमाल न करें, भले ही वे कम हानिकारक होने का दावा करते हों। सभी तंबाकू उत्पाद समान हानिकारक होते हैं। प्रशिक्षण महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. महेश कुमार झा ने सभी छात्र/छात्राओं को तंबाकू उत्पादों के सेवन से दूर रहने की शपथ दिलाई। इस मौके पर प्राचार्य डॉ. सूफिया, डॉ. वंदना याज्ञिक, अल्का यादव, प्रीति शुक्ला, रजनी यादव, पूजा झा, संध्या राजपूत, दिव्या मेहरा, साधना नांगल, विभा ताम्रकार, नीलम राजपूत, रत्ना याज्ञिक, भूपेंद्र कुमार, जुनैद रजा, प्रकाश नारायण साहू, ओमप्रकाश यादव, आशीष अग्रवाल आदि उपस्थित रहे। संचालन प्रवक्ता रमेशचंद्र पटेल ने किया। उधर, भगवान आदिनाथ कॉलेज ऑफ एजूकेशन महर्रा में आयोजित कार्यशाला में तंबाकू से होने वाले नुकसान के बारे में बताया गया। सहायक प्राध्यापक अश्विनी कुमार जैन ने भी विचार रखे। प्राचार्य डॉ. सुनील कुमार जैन ने अपने अध्यक्षीय भाषण में कहा कि तंबाकू उत्पादकों के अपनाने का मुख्य कारण लोगों में तंबाकू उत्पादकों के संदर्भ में कुछ भ्रंतिया हैं। आयोजन को सफल बनाने में डॉ. शक्तिवान सिंह, निधि जैन, प्रो. रामसेवक चंद्राकर, प्रो. राकेश कटरा व समस्त स्टाफ का सहयोग मिला।