मानसिक बीमारी से तंग आकर किसान ने लगाई फांसी
ललितपुर। थाना सौजना अंतर्गत ग्राम मैगुवां निवासी एक किसान ने मानसिक बीमारी से तंग आकर फांसी लगाकर जान दे दी। किसान का पांच साल से ग्वालियर में मानसिक बीमारी का इलाज चल रहा था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
ग्राम मैगुवां निवासी जंडैल सिंह(45) पुत्र कम्मोद सिंह किसानी का काम करता था। वह पांच वर्ष पूर्व मानसिक बीमारी से ग्रसित हो गया था। इसके बाद परिजनों द्वारा उसका इलाज ग्वालियर में कराया गया। उसका अब तक लगातार इलाज चल रहा था, लेकिन बीमारी से पूर्ण रूप से छुटकारा नहीं मिल पा रहा था। वह बीमारी से काफी तंग आ चुका था और परेशान रहने लगा था। इसका जिक्र वह कई बार परिवार में भी कर चुका था। शुक्रवार को उसकी पत्नी बच्चों को लेकर मायके में शादी समारोह में शामिल होने के लिए टीकमगढ़ के ग्राम बटवाहा चली गई, जबकि मां घर पर ही थी। रात को वह मां के सोने तक घर पर ही था। इसके बाद वह देर रात में उठकर घर से कब चला गया, इसकी भनक मां को भी नहीं लग पाई। सुबह होने पर जंडैल सिंह का शव खेत में जामुन के पेड़ से लटकता देख ग्रामीण ने गांव में व उसके भाई को फोन कर सूचना दी। इससे परिवार में कोहराम मच गया।
मौके पर लोगों की भारी भीड़ एकत्रित हो गई। जानकारी मिलने पर थाना सौजना पुलिस मौके पर पहुंच गई और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के बड़े भाई भान सिंह ने बताया कि मृतक पांच साल से मानसिक बीमारी से परेशान चल रहा था। उसने तीन वर्ष पूर्व किसान क्रेडिट कार्ड से कर्ज लिया था। मृतक के तीन लड़के व एक लड़की है। संभवता बीमारी से परेशान होकर फांसी लगा ली।
थानाध्यक्ष सौजना महेश कुमार ने बताया कि ग्राम मैगुवां में जंडैल सिंह मानसिक बीमारी से परेशान चल रहा था और शनिवार की सुबह उसका शव खेत पर जामुन के पेड़ से फांसी पर लटकता मिला है। मामले की पड़ताल की जा रही है।