फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

नाराज ग्रामीणों ने बिजली सब स्टेशन पर जड़ा ताला..

विज्ञापन
विज्ञापन
नाराज लोगों ने बिजली सब स्टेशन पर जड़ा ताला
विज्ञापन

ललितपुर। सिंचाई के सीजन में पांच घंटे से भी कम बिजली मिलने और फाल्ट होने पर दस-दस घंटे तक बिजली विभाग द्वारा सुध नहीं जाने से नाराज निवाई फीडर के लोगों ने बाईपास विद्युत सब स्टेशन का ताला जड़ दिया। इतना ही नहीं मौके पर पहुंचे अवर अभियंता को आला अधिकारियों के आने तक सब स्टेशन में ही रोके रखा और विद्युत विभाग के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। दो घंटे बाद पहुंची पुलिस और विद्युत विभाग के अधिकारियों द्वारा सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली आपूर्ति का आश्वासन देकर ग्रामीणों को शांत कराया और ताला खुलवाकर विभिन्न फीडरों से विद्युत आपूर्ति सुचारु कराई।
प्रदेश शासन की मंशानुसार पनकी कंट्रोल द्वारा शहर में 24 घंटे और ग्रामीण क्षेत्रों में साढ़े बीस घंटे बिजली आपूर्ति का रोस्टर लागू किया गया है। लेकिन जनपद में विद्युत विभाग की कार्यप्रणाली के चलते ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति काफी दयनीय है। बाईपास विद्युत सब स्टेशन के अंतर्गत मसौरा, कल्यानपुरा, निवाई कालौनी, नदनवारा फीडर के माध्यम से करीब 105 गांवों को बिजली आपूर्ति प्रदान की जाती है। लेकिन इसमें कल्यानपुरा और निवाई फीडर की स्थिति काफी दयनीय है। पिछले कई दिनों से ओवरलोड होने की स्थिति में निवाई फीडर के सेक्शन को अवर अभियंता राजकुमार के निर्देश पर विद्युत कर्मचारियों द्वारा दो भागों में बांट दिया है और प्रत्येक सेक्शन को दस-दस घंटे बिजली आपूर्ति कराने का शैड्यूल तैयार कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

इसके तहत उक्त फीडर के सभी गांवों को बीस घंटे की जगह दस घंटे ही बिजली आपूर्ति का रोस्टर तैयार हो गया। लेकिन विभागीय अधिकारियों लचर प्रणाली और लापरवाही के चलते निवाई फीडर के गांवों को कई दिनों से दस घंटे तो दूर मात्र चार से पांच घंटे की बिजली मिल रही है। यही नहीं, यदि इस दौरान भी फाल्ट हो जाए तो आठ से दस घंटे तक फाल्ट नहीं सुधारा जाता है, जिसके चलते ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों के सामने खेतों की सिंचाई का संकट तक उत्पन्न हो गया। वर्तमान में स्थिति यह है कि निवाई फीडर के अंतर्गत ग्राम घटवार, मसौरा खुर्द, जामुनधारा, निवाई आदि कई गांवों में गत शुक्रवार की शाम सात बजे हाइटेेंशन विद्युत तार टूट गया, जिसे विद्युत विभाग की लापरवाही के चलते रात भर नहीं जोड़ा जा सका, जिसके चलते सिंचाई भी प्रभावित रही। इसके बाद अगले दिन शनिवार की सुबह करीब नौ बजे जब विद्युत कर्मचारी तार जोड़ने पहुंचे, तो ग्रामीणों ने इसका विरोध कर दिया और विद्युत कर्मचारियों को उलटे पांव भगा दिया। इसके बाद उक्त फीडर से कई गांवों के आधा सैकड़ों से अधिक ग्रामीण बाइपास विद्युत सब स्टेशन पहुंच गए और सुबह दस बजे सभी विद्युत फीडर बंद करवाकर विद्युत सब स्टेशन कका ताला जड़ दिया। यहां पहुंचे अवर अभियंता राजकुमार ने जब ग्रामीणों को समझाने का प्रयास कियसा तो नाराज ग्रामीणों ने एक न सुनी और उच्च अधिकारियों को बुलाकर बात करने की बात कही और अवर अभियंता को भी सब स्टेशन परिसर में ही रोके रखा। दो घंटे बाद करीब 12.05 बजे जानकारी मिलने पर पुलिस पहुंची और इसके कुछ देर बाद अधिशासी अभियंता ग्रामीण आकाश सचान और उपखंड अधिकारी द्वितीय जगदीश प्रसाद सब स्टेशन पहुंच गए और ग्रामीणों को समझा बमुझाकर किसी प्रकार हंगामा शांत कराया और फिलहाल फीडर को दो सैक्शन के माध्यम से गांवों को दस-दस घंटे बिजली हर हाल में देने का आश्वासन दिया। इसके बाद अधिशासी अभियंता ने लौग सीट की जांच की तो मालूम हुआ है कि पिछले दिन चौबीस घंटे में निवाई फीडर को मात्र दो घंटे ही बिजली मिल सकी है। जिस पर उन्होंने अवर अभियंता को कड़ी फटकार लगाई। यहां ग्रामीणों ने अधिशासी अभियंता से मसौराकलां गांव में रहने वाले एक लाइनमैन द्वारा भेदभाव का आरोप लगाया तो अधिशासी अभियंता ने उक्त लाइनमैन के खिलाफ पूर्व की शिकायतों के आधार पर उसे तत्काल हटाने के आदेश दिए। ग्रामीणों द्वारा सब स्टेेशन की तालाबंदी के चलते सब स्टेशन के सभी फीडरों के अंतर्गत करीब 105 गांव की बिजली आपूर्ति ठप रही। दोपहर एक बजे विद्युत सब स्टेशन से सभी फीडरों की बिजली आपूर्ति सुचारु कराई जा सकी। हालांकि निवाई फीडर की बिजली हाइटेंशन तार जोड़कर दोपहर बाद सुचारु की जा सकी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें