ललितपुर। प्रदेश सरकार बुंदेलखंड पर कुछ ज्यादा ही मेहरबान हो गई है। शासन ने मौजूदा वित्तीय वर्ष का लक्ष्य पूरा होने के बाद 1,249 और बालिकाओं को कन्या विद्या धन से लाभान्वित करने का निर्णय लिया है। इस मद में 3.74 करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त कर दी गई है।
कन्या विद्या धन योजनांतर्गत सभी वर्गों की मेधावी बालिकाओं को लाभान्वित करने के उद्देश्य से मानक तय किए गए हैं। शासनादेश के अनुसार कुल लाभान्वित छात्राओं में से 21 प्रतिशत अनुसूचित जाति एवं 20 प्रतिशत अल्पसंख्यक वर्ग की छात्राएं अवश्य होना चाहिए। यही नहीं, हर शैक्षिक बोर्ड से उत्तीर्ण मेधावी बालिकाओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए सीटें आवंटित करने का प्रावधान है। वर्तमान वित्तीय वर्ष में प्रदेश के विभिन्न जिलों के लिए 89,100 सीटें निर्धारित की गई थीं। परंतु, आवंटित सीटों के मुकाबले करीब दस प्रतिशत सीटें रिक्त रह गईं। इस पर शासन ने 9,900 सीटों का समायोजन करने के
मकसद से बुंदेलखंड को अतिरिक्त लक्ष्य आवंटित कर दिया है।
शासन के इस कदम से बुंदेलखंड के सभी सात जिलों की मेधावी लड़कियों को सीधा फायदा मिलेगा। बीते दिवस जनसंख्या के अनुपात को दृष्टिगत रखकर जिलेवार लक्ष्य आवंटित कर दिया गया है, इसमें ललितपुर जिले की 1,249 बालिकाओं को लाभान्वित करने का रास्ता साफ हो गया है। साथ ही इस मद में 3.74 करोड़ रुपये की धनराशि भी अवमुक्त कर दी गई है। इससे पहले मौजूदा वित्तीय वर्ष में जिले की 335 बालिकाएं विद्या धन पा चुकी हैं।
जिला विद्यालय निरीक्षक श्याम प्रकाश यादव ने कन्या विद्या धन बांटने की तैयारी आरंभ कर दी है। उन्होंने विद्यालयों के प्रधानाचार्यों से बालिकाओं के बैंक खाते मांगे हैं। वित्तीय वर्ष के अंत तक 1,249 बालिकाओं को तीस हजार रुपये के हिसाब से कन्या विद्या धन मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
यूपी बोर्ड की छात्राएं होंगी लाभान्वित
बुंदेलखंड को मिली अतिरिक्त सीटों में सबसे ज्यादा यूपी बोर्ड की इंटरमीडिएट उत्तीर्ण बालिकाओं को लाभ मिलेगा। इसकी वजह आईसीएससी बोर्ड और संस्कृत बोर्ड की कम ही लड़कियां लाभान्वित होने से शेष बची हैं।