कस्बे में सांसद और क्षेत्र पंचायत प्रमुख निधि से सार्वजनिक स्थलों पर लगाई गईं अधिकतर सोलर लाइटें साल गुजरने से पहले ही खराब हो गईं। सोलर लाइटों के खराब होने से सार्वजनिक स्थलों पर सूरज ढलते ही अंधेरा पसर जाता है। इससे आमजनों और राहगीरों को परेशानियां उठानी पड़ रही हैं। इसको लेकर लोगों में रोष व्याप्त है।
सांसद और क्षेत्र पंचायत निधि से सार्वजनिक और धार्मिक स्थलों को दूधिया रोशनी से जगमग करने को एक साल पहले सोलर लाइटें लगवाईं गईं थी। जो साल गुजरने से पहले ही निष्प्रयोज्य हो गईं । आलम यह है कि सूर्यास्त के साथ ढिबरी रोशनी की तरह टिमटिमाती हुईं राहगीरों को ये मुंह चिढ़ाती हैं।
राजेंद्र प्रसाद माहेश्वरी, हरिकिशन गोयल, इरफान अली, विनोद सिंह, राम संजीवन संखवार आदि ने आरोप लगाया कि इन्हें लोगों की सुविधा के लिए संबधित निधि से सार्वजनिक स्थलों पर लगवाया गया था। लोगों का कहना है आधा दर्जन से भी अधिक सोलर लाइटें पिछले कई महीने से खराब होने से रोशनी नहीं कर रहीं हैं। जिससे लोगों को अंधेरे में निकलना पड़ रहा है। शिकायत के बावजूद भी जिम्मेदार इस ओर ध्यान नहीं दे रहे है। ग्रामीणों ने बांकेगंज कस्बे में खराब पड़ी सोलर लाइटों को ठीक करवाने की मांग की है।