फिर शर्मसार हुई मानवता
शहीद भगत सिंह निस्वार्थ सेवा संस्थान कर रहा बच्ची की देखभाल
बेटियों को लेकर संस्थाएं या शासन चाहे जितना भी लोगों को जागरूक करें, लेकिन कुछ लोग बेटियों को कोख में ही मार डालते हैं, या फिर पैदा होने के पल भर बाद ही उन्हें मरने के लिए फेंक देते हैं। ऐसा ही देखने को मिला गांव मूसेपुर मार्ग पर। किसी ने कुछ देर पहले जन्मी बच्ची को झाड़ियों में फेंक दिया। बच्ची के रोने पर तमाम लोगों की भीड़ जुट गई। सूचना पर पहुंचे शहीद भगत सिंह निस्वार्थ सेवा संस्थान के लोग उसे जिला अस्पताल ले गए और उपचार कराने के बाद उसकी देखभाल कर रहे हैं।
मानवता को शर्मसार करने वाली इस घटना से लोग हतप्रभ हैं। रविवार की दोपहर एक बजे खीरी कस्बे से मूसेपुर को जाने वाली सड़क के किनारे लगी झाड़ियों में कुछ लोगों ने बच्चे के रोने की आवाज पर लोगों की वहां भीड़ लग गई। जब लोग झाड़ियों में घुसे तो देखा कि कुछ देर पहले जन्मी बच्ची रो रही थी। लोगों ने पहले तो बच्ची के बारे में पता लगाने की कोशिश की, लेकिन जब कोई पता नहीं चला तो 108 एंबुलेंस को फोन किया। एंबुलेंस के न आने पर मौके पर पहुंचे लखीमपुर के शहीद भगत सिंह निस्वार्थ सेवा संस्थान के लोग बच्ची को लखीमपुर के एक प्राइवेट अस्पताल ले गए और वहां उसका उपचार कराया। संस्था के सदस्य पाली ने बताया कि बच्ची उपचार के बाद से अब स्वस्थ्य है। उसकी पूरी देखभाल संस्था कर रही है।