पीलीभीत-बस्ती स्टेट हाईवे जाम करने का मामला
आदमखोर बाघ के हमले में तीसरी जान जाने के बाद नाराज ग्रामीणों के पीलीभीत-बस्ती स्टेट हाईवे को तीन घंटे जाम करने के मामले में किसान नेता वीएम सिंह समेत पांच सौ लोगों पर दर्ज किए गए मुकदमे में पुलिस ने कार्रवाई की तैयारी शुरू कर दी है। एसओ अजय यादव ने बताया कि जल्द ही दोषियों को गिरफ्तार किया जाएगा पर निर्दोषों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।
थाना क्षेत्र के छेदीपुर गांव में आदमखोर बाघ के हमले मेें दो ग्रामीणों की जान गई थी। वन विभाग इस बाघ को पकड़ने के लिए ऑपरेशन टाइगर रेस्क्यू चला रहा था। इसी बीच तीस अगस्त को मैलानी रेंज के अंतर्गत भरिगवां बीट के उत्तरी कटना कक्ष संख्या एक बी से लगभग दो सौ मीटर उत्तर में धान के खेत में निकाई कर रहे भरिगवां निवासी 55 वर्षीय जानकी प्रसाद को भी बाघ ने हमला कर मार डाला था। जानकी की मौत से नाराज ग्रामीणों ने टेढ़वा पुल के पास पीलीभीत-बस्ती स्टेट हाईवे पर जानकी का शव रखकर तीन घंटे जाम लगाया था। जाम में एक एंबुलेंस सहित कई रोडवेज तथा निजी बसें फंसी गईं थीं। जाम के दौरान किसान नेता तथा राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के मुखिया वीएम सिंह भी पहुंच गए थे। काफी मशक्कत के बाद तीन घंटे बाद जाम खुल सका था।
पुलिस ने इस मामले में वीएम सिंह समेत, पच्चीस नामजद तथा चार-पांच सौ अज्ञात के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत किया था। एसओ अजय यादव ने बताया कि जाम से स्टेट हाईवे से गुजरने वाले लोगों को परेशानियां हुईं तथा एक एंबुलेंस भी फंसी रही थी। उन्होंने बताया कि वीडीओ क्लिपिंग के आधार पर मुकदमा पंजीकृत हुआ है। मुकदमे में किसी निर्दोष के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जाएगी तथा दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। जल्द ही दबिश देकर गिरफ्तारी की जाएगी। उधर मुकदमा दर्ज हो जाने से इलाके में हड़कंप मचा हुआ है और लोगबाग काफी परेशान हैं।