लखीमपुर खीरी। तिकुनिया हिंसा क्रॉस केस की सुनवाई के दौरान बुधवार को एडीजे देवेंद्रनाथ सिंह की अदालत में अभियोजन की ओर से दरोगा शिवाजी दुबे पेश हुए। उनसे बचाव पक्ष की ओर से लंबी जिरह की गई। इसके बाद अदालत ने अगली सुनवाई के लिए 12 नवंबर की तारीख मुकर्रर की है।
अभियोजन की ओर से बुधवार को क्रॉस केस के आरोपी गुरविंदर सिंह के पोस्टर क्षेत्र में लगवाने वाले दारोगा शिवाजी दुबे के बयान अदालत में दर्ज कराए गए। बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने इस पर हैरानी जताई कि शिवाजी दुबे ने पूर्व में एसआईटी को जो बयान दिए थे, उनके स्थान पर अदालत में बढ़ा-चढ़ाकर बयान दर्ज कराए हैं। इसमें आशीष मिश्र मोनू की मौजूदगी बनवीरपुर में आयोजित दंगल स्थल पर बताई है, जबकि एसआईटी को पूर्व में दिए अपने बयान में ऐसी कोई बात नहीं कही थी।
क्रॉस केस की केस डायरी में विवेचक कृष्णनंदन तिवारी ने यह स्पष्ट किया है कि दारोगा शिवाजी दुबे ने जो बयान दिया है, उसे उन्हीं शब्दों में लिखा गया है। शिवाजी दुबे ने काला झंडा लेकर प्रदर्शनकारी युवक के पोस्टर क्षेत्र में लगवाने का बयान दिया था कि पोस्टर में नीली शर्ट पहने युवक को गुरविंदर सिंह के रूप में पहचाना गया था। जिरह होने के बाद अगले गवाह को पेश करने के लिए 12 नवंबर की तिथि मुकर्रर की गई है।