डीएफओ ने पकड़ा फिर छोड़ भी दिया, कहा जांच के बाद होगी कार्रवाई
- इस घाट से होती है पशुओं की तस्करी
- डीएफओ के अचानक पहुंची तो पोल खुल गई
पशु तस्करी के लिए कुख्यात संपूर्णानगर रेंज के मोतिया घाट पर डीएफओ उत्तर खीरी दिव्या ने अवैध रूप से नौका संचालन होते हुए पकड़ा। नाविक को पूछताछ के लिए भी लाया गया लेकिन बाद में विभागीय अधिकारियों के कहने पर छोड़ दिया गया। दो साल पहले इस घाट को ठेका दस लाख में उठा लेकिन उसके बाद यहां का ठेका ही रिन्यू नहीं हुआ। चार्ज संभालने के तत्काल बाद अचानक भ्रमण पर निकलीं डीएफओ ने बगैर ठेका हुए नदी पार कराते नाव को खुद पकड़ा था। संपूर्णानगर रेंजर का इस बाबत कहना है कि घाट की नीलामी प्रक्रिया चल रही है। डीएफओ दिव्या का कहना है कि मामले की जांच हो रही है। जांच पूरी होने के बाद कार्रवाई की जाएगी। प्रारंभिक पड़ताल में ये बात सामने आ रही है कि वन विभाग के ही कुछ लोगों की मिलीभगत से अवैध नौका संचालन हो रहा था और नाविकों से इसके पैसे भी लिए जा रहे हैं।
संपूर्णानगर रेंजर सुभाष चंद्र के अनुसार, शारदा नदी पर टाटरगंज के पास कल्लू घाट, धनाराघाट पांटून पुल, राहुलनगर घाट, कबीरगंज घाट आदि संचालित हैं, लेकिन संपूर्णानगर के मोतिया घाट पर नौका संचालन की नीलामी इस बार हुई ही नहीं है। रेंजर का कहना है कि नीलामी प्रक्रिया का प्रपोजल भेजा गया था,अनुमति न मिल पाने से नीलामी नहीं हो सकी। अवैध नौका संचालन की बाबत उनका कहना है कि शायद किसी अन्य घाट का ठेकेदार नौका चलवा रहा था। अभी तक मामले में कोई कार्रवाई न होने से इस बात की सुगबुगाहट है कि मामला रफादफा किया जा रहा है।
पशु तस्करी के लिए बदनाम है मोतिया घाट
नेपाल से पशुओं की तस्करी के लिए मोतिया घाट काफी बदनाम है। विभागीय सूत्रों की मानें तो नेपाल से हर दिन पांच से सात सौ पशु इसी घाट से भारत लाए जाते हैं। नाव से पशुओं को शारदा नदी पार कराने के लिए तीन सौ से पांच सौ रुपये प्रति पशु नाविक लेता है। इस तरह रोजाना हजारों रुपये की आमदनी नौकाघाट ठेकेदार की होती है।
तीन ठेकेदार चलवा रहे थे नाव
बिना नीलामी ठेका हुए मोतिया घाट पर तीन ठेकेदार नाव संचालित करवा रहे थे। विभागीय सूत्र बताते हैं कि डीएफओ की जांच में सभी नाम सामने आ गए हैं। नाविक ने यह भी बताया है कि तीन लाख 60 हजार रुपये लेकर वन विभाग के लोग नौका संचालन करवा रहे थे। चूंकि डीएफओ के सामने यह बात पहुंच चुकी है इससे माना जा रहा है कि रेंज कार्यालय के जिम्मेदारों पर कार्रवाई हो सकती है।
डीएम को हुई अमर उजाला से जानकारी
डीएम आकाशदीप से जब अवैध नौका घाट संचालन के पकड़े जाने की बाबत जानकारी की गई तो वह चौंक गए। बोले, उन्हें ऐसे किसी मामले की जानकारी नहीं है। वह डीएफओ से पूरे मामले की जानकारी करेंगे और दोषियों पर कार्रवाई कराएंगे।