लखीमपुर खीरी। लावारिश शवों को रखने के लिए भले ही डीप फ्रीजर लगे होने का दावा किया जा रहा हो, लेकिन अधिकारियों की लापरवाही से शवों की बेकर्दी रुकने का नाम नहीं ले रही। ऐसा ही एक ताजा मामला सामने आया है कि 72 घंटे की अवधि पूरी होने से पहले ही दो शवों में कीड़े पड़ गए। जानकारी होते ही अधिकारियों ने पंचनामा कराते हुए शव का पोस्टमार्टम कराया।
शहर और आसपास मिले लावारिश शवों को जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया जाता है। यहां पर मात्र एक ही डीप फ्रीजर उपलब्ध है, जबकि पोस्टमार्टम हाउस में छह डीप फ्रीजर लगे हैं, जोकि आए दिन फुंक जाते हैं। बताया जाता है कि मोर्चरी पर चार शव बंद थे, जिनकी शिनाख्त होनी थी। वहां के कर्मचारियों ने एक फ्रीजर में दो शवों को रख दिया था, जबकि दो को सड़ने के लिए जमीन पर ही छोड़ दिया।
गर्मी अधिक होने की वजह से दोनों शवों में कीड़े पड़ गए। शवों से उठने वाली दुर्गंध से आसपास के लोगों को परेशानी होने लगी। शव सड़ने का मामला सोशल मीडिया पर वायरल हुआ तो अधिकारी चौकन्ना हो गए। आनन-फानन मोर्चरी पहुंचे। पुलिस कर्मियों ने शवों का पंचनामा भरते हुए शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए। वहीं सीएमएस आरके कोली ने बताया कि अधिकारियों से वार्ता हुई है। आगे से शव पोस्टमार्टम हाउस ही भेजे जाएंगे।
बिजली की खराबी से बंद हो जाते हैं फ्रीजर
पोस्टमार्टम हाउस में शवों को कुछ दिन तक सुरक्षित रखने के लिए डीप फ्रीजर लगे हैं। यहां पर छह शवों को रखा जा सकता है। बिजली की तकनीकी खामियों के चलते बंद हो जाते हैं। शिकायत पर फ्रीजर को सही भी कराया जाता है लेकिन आज तक इसे पूर्ण रूप से सही कराने की जहमत नहीं उठाई गई है।