गन्ने के खेत में लगा पिंजरा। स्रोत : वन विभाग।
बांकेगंज। दुधवा के जंगल से निकलकर डीटीआर बफरजोन पलिया रेंज के बाहरी किनारे पर पहुंची बरौंछा की हमलावर बाघिन वन विभाग को खूब छका रही है। वह दो दिन से गन्ने के खेतों में डेरा जमाए है। आबादी की ओर रुख न कर सके, इसके लिए वन विभाग की टीमें 24 घंटे लगातार निगरानी में जुटी हैं।
वन विभाग ने उसकी गतिविधियों पर नजर रखने के लिए गन्ने के खेत के आसपास छह कैमरे और दो पिंजरे भी लगाए। इनमें दो दिन से बकरी बंधी है, लेकिन बाघिन फटकी तक नहीं। दुधवा टाइगर रिजर्व के एफडी डॉ. एच राजामोहन और डीडी दुधवा जगदीश आर के निर्देश पर वनकर्मियों की टीमें अत्याधुनिक तकनीक से उसकी गतिविधियों पर कड़ी नजर रख रहे हैं। शनिवार को सेटेलाइट के जरिये उसकी लोकेशन गन्ने के खेतों में ही मिली है। वह एक से दूसरे खेतों में पहुंचकर निगरानी टीमों को लगातार चकमा दे रही है। गोला और मैलानी रेंज के सीमा क्षेत्र में पांच माह तक सक्रिय बरौंछा की बाघिन के हमलों की घटनाओं के मद्देनजर टाइगर रिजर्व प्रशासन की चिंताएं बढ़ती जा रही हैं।
वर्जन
जंगल के बाहरी किनारे पर पहुंची बरौंछा की बाघिन को पकड़ने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। वन कर्मियों की टीमों को 24 घंटे निगरानी के साथ ही उसकी गतिविधियों पर लगातार नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं। उसे जल्द ही पकड़ा जाएगा।
- डॉ. एच राजामोहन, एफडी, दुधवा टाइगर रिजर्व