तिरंगा तैयार करतीं समूह की महिलाए। स्रोत : विभाग
लखीमपुर खीरी। स्वतंत्रता दिवस पर हर घर तिरंगा अभियान में स्वयं सहायता समूह की दीदियों का अहम रोल है। 92 समूहों की 626 दीदियों को 3.75 लाख तिरंगा बनाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
दीदियां राष्ट्रध्वज के साथ जुड़कर गर्व तो महसूस कर रही हैं। साथ ही झंडा बनाने पर उनकी इनकम भी बढ़ेगी। तिरंगा झंडा बनाने का लक्ष्य पूरा करने के लिए दीदियां दिन-रात काम कर रही हैं। इन दीदियों के हाथों से तैयार तिरंगे सरकारी प्रतिष्ठानों पर लहराएंगे।
20 रुपये प्रति झंडा की दर से ब्लाक कार्यालय इसका भुगतान करेंगे। हर घर तिरंगा अभियान से न केवल दीदियों को रोजगार के अवसर मिल रहे हैं, बल्कि वह आत्मनिर्भर भी बन रही हैं।
जिले में 1165 ग्राम पंचायतें और 15 विकास खंड हैं। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) उपायुक्त जितेंद्र मिश्रा ने बताया कि ब्लाक मिशन मैनेजर के नेतृत्व में सभी जगह कार्य तेजी से चल रहा। दीदियों को 13 अगस्त तक तिरंगों को ब्लॉक कार्यालय में उपलब्ध कराना होगा। डीएएम वरुण गुप्ता ने बताया कि हर घर तिरंगा अभियान न केवल राष्ट्रभक्ति की भावना को जगाता है, बल्कि नारी सशक्तिकरण का भी प्रतीक है। दीदियों का यह प्रयास देश के प्रति उनके प्रेम और समर्पण को दर्शाता है।