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मंत्री बोले, सीएमओ साहब रोज आया करें

Wed, 12 Apr 2017 11:35 PM IST
लखीमपुर खीरी
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मुअायना - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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जिला और महिला अस्पताल पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री, मरीजों का हाल जाना
ग्राम विकास एवं चिकित्सा व स्वास्थ्य राज्यमंत्री डॉ. महेंद्र सिंह ने  बुधवार को जिला और महिला अस्पताल का निरीक्षण किया। उन्होंने मरीजों का हाल जाना और समस्याएं पूछी। इस दौरान डॉक्टरों और  स्टाफ समेत संसाधनों की कमी सामने आई। समस्याएं पर मंत्री ने जल्द सुधार  करने को कहा। जिला अस्पताल के मेडिकल वार्ड की खिड़की के पास जाला देख मंत्री खफा हो गए। उन्होंने सफाई पर ध्यान देने को कहा। इसके बाद शौचालय में गंदगी देखकर स्वास्थ्य मंत्री ने नाराजगी जताई।
मंत्री डॉ. महेंद्र सिंह बुधवार की दोपहर करीब 2.30 बजे जिला अस्पताल  पहुंचे। उन्होंने इमरजेंसी वार्ड, मेडिकल पुरुष वार्ड का निरीक्षण किया और भर्ती मरीजों से दवाएं आदि मिलने के बाबत जानकारी ली। मेडिकल वार्ड में  उन्होंने खिड़की का पल्ला खोल कर देखा और जाला दिखने पर नाराजगी जताई। इसके  बाद उन्होंने प्रतीक्षालय और शौचालय की सफाई व्यवस्था देखी। स्वास्थ्य मंत्री ने निरीक्षण के दौरान सीएमओ से पूछा कि अस्पताल कितने बेड का है, इस पर वह बगले झांकने लगे। खफा मंत्री ने कहा, कैसे सीएमओ हो आप, आपको अपने अस्पताल के बारे में जानकारी तक नहीं। वहीं उन्होंने सीएमओ का नसीहत दी कि यदि अस्पताल का विजिट करते होते तो आप को इसकी जानकारी होती। मंत्री ने कहा, रोज आया करो अस्पताल। सीएमएस से  रंगाई पुताई व साफ सफाई के बारे पूछताछ की। महिला अस्पताल की ओपीडी कक्ष, किशोरी  क्लीनिक, आपरेशन कक्ष, औषधि भंडार सहित सर्जिकल वार्ड का हाल देखा। सर्जिकल वार्ड के आगे गंदगी देखकर उन्होंने सीएमएस डॉ.मीरा वर्मा को सफाई के  इंतजाम दुरुस्त रखने के निर्देश दिए। सर्जिकल वार्ड में भर्ती महिलाओं से उन्होंने खाना नाश्ता आदि मिलने के बाबत जानकारी ली। इस दौरान सदानंद ने अपनी पुत्री रागिनी और नीरू ने अपनी पुत्री पूनम के खून की कमी के बारे में  बताया, जिस पर स्वास्थ्य मंत्री ने सीएमएस और सीएमओ को खून की व्यवस्था  कराने के निर्देश दिए।
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जिला अस्पताल में अक्सर एक या दो काउंटर खुलते हैं, लेकिन मंत्री के आगमन पर तीनों काउंटर खोल दिए गए, जिससे मरीजों और तीमारदारों को सुविधा मिली। स्वास्थ्य मंत्री महेंद्र सिंह के आगमन की सूचना पर जिला अस्पताल और महिला हास्पिटल में सुबह से ही सफाई व्यवस्था शुरू कर दी गई। पूरे परिसर में सफाई कर्मियों ने झाड़ू लगाई तो बरामदे को धुलकर चमका दिया गया। स्टॉफ वर्दी में नजर आया तो बेड पर साफ चादरे तकिया आदि दिखे। मरीज और तीमारदार कहते सुने गए कि काश रोज मंत्री जी आते तो सब ठीक रहता।
स्वास्थ्य राज्य मंत्री ने कहा जिला अस्पताल में विशेषज्ञों की कमी है। जल्द ही इनकी तैनाती कराई जाएगी। वहीं उन्होंने व्यवस्थाएं देखकर कहा, हमारे आने पर सब ठीक किया गया है। ऐसी व्यवस्था रोज दिखनी चाहिए। मोदी और योगी के शासन में लापरवाही करने वालों का निलंबन नहीं सीधे छुट्टी की जाएगी। महिला अस्पताल में मौजूद आशा वर्कर ने स्वास्थ्य मंत्री से पिछले सात आठ माह से पेमेंट न मिलने की शिकायत की। इस पर सीएमएस ने स्वास्थ्य मंत्री को बताया कि पेमेंट महिला अस्पताल से नहीं सीएमओ कार्यालय से होता है। 
मंत्री के आने की सूचना पर अस्पताल को चमकाने की कोशिश की गई, लेकिन निरीक्षण के दौरान जैसे ही मंत्री ने मेडिकल पुरुष वार्ड की खिड़की का पल्ला खोला तो उन्हें जाला और गंदगी दिखाई दी। इस पर उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि हमारे आने पर ही सफाई कराई गई है यदि रोजाना हो रही होती तो ये देखने को नहीं मिलता।

डॉक्टरों की प्राइवेट प्रैक्टिस बंद होगी : डॉ. महेंद्र सिंह
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य राज्य मंत्री ने निरीक्षण के दौरान पत्रकारों से रूबरू होते हुए कहा कि जिले के दोनो अस्पतालों की हालत बेहतर नहीं है। इससे साफ है कि स्वास्थ्य सेवाएं बदहाल हैं और इसके लिए काफी हद तक सीएमओ जिम्मेदार हैं। उन्होंने कहा कि वह अपनी रिपोर्ट शासन को देंगे। हर हाल में मरीजों को बेहतर इलाज दिलाना सरकार की प्राथमिकता है। इलाज के  नाम पर अवैध वसूली के मामले में भी उन्होंने शासन को रिपोर्ट देने की बात कही। वहीं डॉक्टरों की प्राइवेट प्रैक्टिस पर बोले कि जल्द ही इस पर  नियंत्रण लगाने के लिए बायोमैट्रिक हाजिरी की व्यवस्था शुरू होगी।  इससे प्राइवेट प्रैक्टिस बंद हो जाएगी। उन्होंने कहा कि पोर्टल और एप जारी किए जा रहे हैं, जिससे मरीज के साथ साथ लखनऊ  में बैैठे अधिकारी भी जान सकेंगे कि किस मरीज को क्या दवाएं दी जा रही  हैं। 108 और 102 में जीपीएस सिस्टम लगाया जाएगा जिससे मालूम हो सके कि  एंबुलेंस कहां है और मरीज के पास कितनी देर में पहुंची हैं।

बिजुआ सीएचसी में पैसे लेकर होता है इलाज
बिजुआ निवासी प्रेमा देवी ने स्वास्थ्य मंत्री को बताया कि बिजुआ सीएचसी में इलाज के नाम पर अवैध वसूली की जाती है। वहां के कंपाउंडर बोतल लगवाने के लिए पांच पांच सौ रुपये वसूल करते हैं और डॉक्टर भी अधिकतर दवाएं बाहर की लिखते हैं।
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मंत्री के साथ यह भी रहे मौजूद
मंत्री के साथ गोला विधायक अरविंद गिरि, धौरहरा विधायक  बाला प्रसाद अवस्थी, श्रीनगर विधायक मंजू त्यागी, सदर विधानसभा प्रभारी विजय शुक्ला रिंकू, आशू  मिश्रा, रमेश चंद्र मिश्रा, दीपक पुरी सहित कई भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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