किसानों के बकाया गन्ना मूल्य के भुगतान मामले में हाईकोर्ट ने 29 जुलाई को फैसला सुनाते हुए सभी चीनी मिलों को दो सप्ताह में संपूर्ण भुुगतान के आदेश दिए थे। धीरे-धीरे दो सप्ताह का समय बीत गया है, लेकिन नौ में से छह चीनी मिलों ने आदेश की तिथि से अब तक 37 करोड़ 49 लाख नौ हजार रुपये का गन्ना मूल्य भुगतान किसानों को किया है। जबकि तीन चीनी मिलों अजबापुर, संपूर्णानगर और बेलरायां ने एक भी पैसे का भुगतान नहीं किया है। अब भी नौ चीनी मिलों पर किसानों का 845 करोड़ 31 लाख 58 हजार रुपये बाकी है। जिला गन्ना अधिकारी जगदीश चंद्र यादव ने सभी चीनी मिल के अध्यासियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
हाईकोर्ट ने मई 2015 को राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन की याचिका पर सुनवाई के बाद तीन किस्तों में 15 जुलाई तक कुल बकाया धनराशि का 75 फीसदी भुगतान करने के आदेश दिए थे, लेकिन इस आदेश पर किसी भी मिल ने अमल नहीं किया था। इसके बाद 29 जुलाई को सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने दो सप्ताह में संपूर्ण बकाया गन्ना मूल्य के सख्त आदेश दिए थे। साथ ही तय समय में भुगतान न करने वाले मिल मालिकों की गिरफ्तारी के आदेश दिए थे और आदेश का अमल कराने में विफल रहने पर गन्ना आयुक्त तक की गिरफ्तारी करने की चेतावनी दी थी। इस आदेश के क्रम में जिला गन्ना अधिकारी ने सभी मिल अध्यासियों को कोर्ट आदेश की प्रति भेजी थी। साथ ही नोटिस जारी कर दो सप्ताह में संपूर्ण भुगतान करने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद हाईकोर्ट के आदेश का अनुपालन कराने में अफसर असफल रहे हैं। वहीं मिल मालिकों ने भी हाईकोर्ट आदेेश की लगातार दूसरी बार अवमानना कर डाली है।
छह मिलों ने किया भुुगतान
कोर्ट के आदेश की तिथि से अब तक गोला ने 12 करोड़ 46 लाख 76 हजार, पलिया ने छह करोड़ 89 लाख, खंभारखेड़ा ने आठ करोड़ 58 लाख 65 हजार, ऐरा ने तीन करोड़ 28 लाख 75 हजार, कुंभी ने दो करोड़ 80 लाख 58 हजार, गुलरिया ने तीन करोड़ 45 लाख 35 हजार रुपये भुगतान किया है।
नौ मिलों पर बकाया गन्ना मूल्य
गोला पर 147 करोड़ 86 लाख 16 हजार, पलिया पर 159 करोड़ 33 लाख 90 हजार, खंभारखेड़ा पर 112 करोड़ 65 लाख 22 हजार, ऐरा पर 110 करोड़ 88 लाख 12 हजार, अजबापुर पर 49 करोड़ 72 लाख 23 हजार, कुंभी पर 87 करोड़ चार लाख 99 हजार, गुलरिया पर 65 करोड़ 97 लाख 40 हजार, बेलरायां पर 59 करोड़ 52 लाख 42 हजार, संपूर्णानगर पर 52 करोड़ 31 लाख 14 हजार रुपये बकाया हैैं।
जिला गन्ना अधिकारी जगदीश चंद्र यादव ने बताया कि चीनी मिलों को नोटिस देकर जवाब मांगा गया है। मामले से गन्ना आयुक्त को अवगत कराया गया है। जवाब मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।