लखीमपुर खीरी। सदर विधायक योगेश वर्मा के साथ नौ अक्तूबर को लखीमपुर अर्बन कोऑपरेटिव बैंक की प्रधान शाखा के बाहर हुई मारपीट और वायरल वीडियो के बाद सियासत की उठापटक का दौर शुरू हुआ था। मुख्यमंत्री के संज्ञान लेने के बाद पुलिस ने कई दिनों बाद रिपोर्ट दर्ज की थी। इसी विलंब को आधार बनाते हुए अदालत से जमानत पाने में आरोपियों को सफलता मिली है।
मामले के आरोपी जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष अवधेश सिंह और उनकी पत्नी पुष्पा सिंह की ओर से सीजेएम अदालत में आत्म समर्पण और जमानत की अर्जी दी गई थी। जिस पर कोतवाली पुलिस की ओर से बताया गया कि तफ्तीश जारी है। वहीं जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष ने इसे राजनीति से प्रेरित बताया है और घटना को मजिस्ट्रेट स्तर पर सुनवाई योग्य बताते हुए विलंब से दर्ज कराए गए मामले पर सवाल उठाया था। मामले की सुनवाई के बाद सीजेएम प्रमोद सिंह यादव ने दोनों आरोपियों की जमानत अर्जी मंजूर कर ली।