पलियाकलां-भीरा मार्ग के किनारे बसे शारदा नदी के कटान पीड़ितों के लिए खुशी की खबर है कि अब उन्हें गांव मटहिया में भूमि आवंटित कर बसाया जाएगा। डीएम के आदेश पर तहसील प्रशासन ने इसकी व्यवस्था की है।
तहसीलदार राजीव कुमार शुक्ल ने बताया कि पिछले 15 वर्षों में शारदा नदी ने कटान कर तहसील क्षेत्र के थाना भीरा अंतर्गत ग्राम बोझवा, बड़ा बरुआ, छोटा बरुआ, टॉपरपुरवा का वजूद मिटा दिया था। नदी कटान से बेघर सैकड़ों ग्रामीण पलायन कर गए तो बड़ी संख्या में कटानकर पीड़ित पलिया-भीरा के मध्य मटहिया ग्राम पंचायत के बोझवा ग्राम में आकर भी बसे। कई बार इन कटान पीड़ितों ने तहसील प्रशासन सहित जनप्रतिनिधियों से आवासीय भूमि आवंटन किए जाने के लिए गुहार लगाई, किंतु सब निरर्थक रहा। इधर डीएम किंजल सिंह इस मार्ग से गुजरीं तो उन्होंने पलिया-भीरा के मध्य पड़े इन बेसहारा कटान पीड़ितों के दर्द को समझा और एसडीएम पलिया को इनके लिए तत्काल आवासीय भूमि की व्यवस्था करने को कहा, जिस पर तहसील प्रशासन ने पलिया-भीरा मार्ग पर वर्षों से पड़े 115 कटान पीड़ित परिवारों के लिए गांव मटहिया में आवासीय भूमि की व्यवस्था कर ली है। अब इन कटान पीड़ितों को सड़क किनारे नहीं रहना पड़ेगा।