पीएम आवास योजना में सात अपात्रों का चयन कर 8.40 लाख रुपये हड़पने का भी है आरोप
बेहजम ब्लॉक की ग्राम पंचायत गुलचौरा और अकबरपुर में किया जाना था पंचायत घर का निर्माण
निलंबित सचिव सतवीर ईसानगर ब्लॉक से संबद्घ किए गए, वहीं के एडीओ पंचायत करेंगे जांच
लखीमपुर खीरी। बेहजम ब्लॉक की ग्राम पंचायत गुलचौरा व अकबरपुर में पंचायत घर निर्माण के लाखों रुपये गबन करने के आरोपी सचिव सतवीर सिंह राना को निलंबित कर दिया गया है। सचिव के खिलाफ पीएम आवास योजना के तहत सात अपात्र लाभार्थियों का चयन कर 8.40 लाख रुपये हड़पने के आरोप की भी पुष्टि हुई है।
डीपीआरओ सौम्य शील सिंह ने बताया कि बेहजम ब्लॉक की ग्राम पंचायत अकबरपुर में 2020-21 में गरीब कल्याण रोजगार अभियान के तहत निर्माणाधीन पंचायत भवन का बिना छत के ही निर्माण पूर्ण दिखाया गया था, जिसमें आरईडी के जेई सुरेंद्र कुमार वर्मा के साथ मिलकर 6,46,754 रुपये का आहरण कर लिया गया था, जबकि मौके पर न तो छत पड़ी थी और न ही सामग्री ही उपलब्ध थी। इसके लिए डीपीआरओ ने सचिव सतवीर सिंह राना को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा था। उन्होंने कोई उत्तर प्रस्तुत नहीं किया था।
इसके अलावा ग्राम पंचायत गुलचौरा के प्रधान ने शिकायत कर सचिव पर निर्माणाधीन पंचायत भवन की धनराशि गबन करने का आरोप लगाया था, जिस पर डीपीआरओ ने सचिव को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा। साथ ही मामले की जांच एडीओ पंचायत बेहजम को सौंपी।
उन्होंने डीपीआरओ को भेजी रिपोर्ट में बताया है कि सचिव सतवीर सिंह राना ने पीडब्ल्यूडी के जेई सुनील कुमार से दुरभि संधि कर बिना सामग्री लाए ही भवन की छत निर्माण सामग्री की एमबी कराकर करीब सात लाख की धनराशि निकाल ली थी। इस प्रकार सचिव पर दो निर्माणाधीन पंचायत भवनों की धनराशि हड़पने की पुष्टि हुई। इसके अलावा वर्ष 2021-22 में ग्राम पंचायत भरेहटा में भी सचिव सतवीर सिंह राना ने पीएम आवास योजना (ग्रामीण) के तहत अपात्र लाभार्थियों संजय, राकेश, हरीनाथ, राजू, संजय कुमार, अनुज कुमार और रामपाल को लाभ देकर 8.40 लाख शासकीय धनराशि का दुरुपयोग किया गया है। डीपीआरओ ने बताया कि अपात्रों को आवास देने की जांच परियोजना निदेशक केके पांडेय द्वारा की गई, जिसके बाद सीडीओ के निर्देश पर इस मामले में भी सचिव सतवीर सिंह राना पर आरोप तय किए गए हैं।
8.40 लाख रुपये का दुरुपयोग करने के लिए सचिव सतवीर सिंह राना को प्रथम दृष्टया दोषी पाया गया है। इसलिए सचिव को निलंबित कर ईसानगर ब्लॉक से संबद्घ किया गया है और प्रकरण की जांच के लिए एडीओ पंचायत ईसानगर को जांच अधिकारी नामित किया गया है।
- सौम्य शील सिंह, डीपीआरओ