लखीमपुर खीरी। गर्मियों की छुट्टियों के बाद परिषदीय स्कूल खुलने के दूसरे दिन भी कक्षाएं पूरी तरह नहीं भर सकीं। जिले में संचालित 3106 विद्यालयों में से बृहस्पतिवार को 12 से अधिक स्कूलों की पड़ताल में शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक अधिकांश विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति कम रही।
कई जगह गिनती के बच्चे पहुंचे, जबकि कुछ विद्यालयों में उपस्थिति अपेक्षाकृत बेहतर रही। शिक्षकों को सोमवार से बच्चों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है। प्राथमिक विद्यालय सदर में करीब 20 से 25 बच्चे ही पहुंचे। यहां शिक्षामित्र विभागीय कार्यों में जुटी मिलीं। नौरंगाबाद प्राथमिक विद्यालय में निरीक्षण के दौरान सभी कक्षाओं में ताले लगे मिले।
मोहम्मदी के मियांपुर संविलियन विद्यालय में प्राथमिक स्तर पर 62 और जूनियर स्तर पर 58 बच्चे उपस्थित रहे। केहुआ प्राथमिक और जूनियर विद्यालय में सफाई कार्य होता मिला।
गोला के त्रिलोक गिरि संविलियन विद्यालय में 138 नामांकित विद्यार्थियों में 55 उपस्थित रहे। प्राथमिक विद्यालय आदर्श, लोने सिंह संविलियन विद्यालय, प्राथमिक विद्यालय नगर, कस्तूरबा प्राथमिक विद्यालय और जवाहर प्राथमिक विद्यालय में गिनती के छात्र पहुंचे। भीषण गर्मी के कारण विद्यालय सुबह आठ से दोपहर दो बजे तक संचालित हुए।
मझगई में कहीं ताले, कहीं अच्छी उपस्थिति
मझगईं के बबौरा, बेलाकलां, चौरी और चौखड़ा फार्म स्थित विद्यालयों के ताले सुबह समय से नहीं खुले, जिससे बच्चे बाहर इंतजार करते रहे। कोठिया प्राथमिक विद्यालय में 85 छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। बेला खुर्द विद्यालय में भी उपस्थिति अच्छी रही, जबकि छबबापुरवा और मझगई के विद्यालयों में बच्चों की संख्या शून्य रही।
भीरा के प्राथमिक विद्यालय पड़रियातुला में 24, उच्च प्राथमिक विद्यालय में 17 और उच्च प्राथमिक विद्यालय मुड़िया हेम सिंह में 48 बच्चे उपस्थित हुए।
पलिया में नामांकन ज्यादा, उपस्थिति कम
पलिया के सेमरीपुरवा विद्यालय में 196 (89 प्राथमिक व 107 उच्च प्राथमिक) नामांकित बच्चों के मुकाबले 20 से कम छात्र पहुंचे। प्रधानाचार्य प्रीति मौर्या मौजूद रहीं। मुझहा विद्यालय में 228 (97 प्राथमिक व 131 उच्च प्राथमिक) नामांकन के सापेक्ष उपस्थिति बहुत कम रही।
मुहर्रम के अवकाश को लेकर स्कूलों में बच्चों की संख्या कम रही। हालांकि, शिक्षकों को अभिभावकों से संपर्क कर बच्चों को स्कूल भेजने के लिए प्रेरित करने के लिए कहा जा रहा है। जल्द ही स्कूलों में पूरी संख्या में बच्चे पहुंचेंगे।
-प्रवीण कुमार तिवारी, बीएसए
बंद पड़ा नौरंगाबाद प्राथमिक विद्यालय। संवाद