गोला में होली पर संवत सुनाते पंडित रामदेव मिश्र शास्त्री। संवाद
गोला गोकर्णनाथ। होली आपसी सौहार्द और भाईचारे के साथ भारतीय काल गणना के हिसाब से नवसंवत के आगमन की सूचक भी होती है। परंपरागत ढंग से होली के अगले दिन भोर में संवत सुना जाता है। शनिवार को धर्मादा समिति गोशाला में लोगों ने सामूहिक रूप से संवत सुना गया।
पंडित रामदेव मिश्र शास्त्री ने धर्मादा समिति गोशाला स्थित नगर पालिकाध्यक्ष विजय शुक्ला रिंकू के कैंप कार्यालय में संवत सुनाया। उन्होंने बताया कि 30 मार्च 2025 चैत्र शुक्ल पक्ष प्रतिपदा से कालयुक्त नामक संवत 2082 का शुभारंभ हो रहा है। इस संवत का स्वामी सूर्य है। संवत का वास माली के घर है। मानसून के जल्द आने की उम्मीद है। चेचक और पशुओं में रोगों का प्रकोप हो सकता है।
देश के अलग-अलग राज्यों में कहीं कम या कहीं अधिक बरसात हो सकती है। उन्होंने अलग-अलग राशि के अनुरूप वार्षिक राशिफल बताया। इस मौके पर शैलेंद्र सक्सेना, डॉ. अरुण सिंह, प्रमोद दीक्षित, डॉ. योगेश कनौजिया, अनुज खरे, संजय तिवारी, संजीव दीक्षित, अरविंद श्रीवास्तव, महेंद्र वर्मा, आलोक तिवारी, पिंटू शुक्ला, आदित्य मिश्रा, अमरनाथ मिश्रा आदि मौजूद रहे।