पंचायत राज विभाग के सफाई कर्मचारियों से धन उगाही का मामला सामने आया है, जिसमें एडीओ (पंचायत) कार्यालय में अटैच्ड सफाई कर्मियों पर ही आरोप लगाया जा रहा है। इसके विरोध में सफाई कर्मचारी संघ ने मोर्चा खोल दिया है। संगठन के पदाधिकारियों ने ब्लाक स्तर पर संबद्ध कर्मचारियों को हटाने की मांग की है। इसकोे लेकर रविवार को संगठन ने बैैठक कर ब्लाकों में नई कार्यकारिणी के गठन का निर्णय किया है।
जनपद में करीब 1750 सफाई कर्मचारी कार्यरत हैं, जिनकी तैैनाती राजस्व ग्रामों में हैं। बताते चलेें कि तमाम सफाई कर्मियों के खिलाफ काम न करने की शिकायतें रहीं हैं। इस कारण अधिकतर सफाई कर्मियोें के विरुद्ध विभाग द्वारा कार्रवाई हो चुकी हैं। इसके चलते तमाम कर्मचारियों के एरियर और भुगतान लंबित हैैं जिसके भुगतान के नाम पर कुछ लोगों ने धन उगाही शुरू कर दी है। संगठन के अध्यक्ष वीरेंद्र कुमार ने कहा है कि ब्लाकों में एडीओ पंचायत कार्यालय में संबद्ध सफाई कर्मियों को मोहरा बनाकर 100 रुपये से लेकर 1000 रुपये तक प्रत्येक कर्मचारी से उगाही कराई जा रही है। इससे कर्र्मचारियों में रोष व्याप्त है। अध्यक्ष ने भ्रष्ट कर्मचारियों को कार्यालय से हटाकर दूसरे कर्मचारियों को अटैैच्ड करने की मांग की है, जिससे सफाई कर्मचारियों का उत्पीड़न बंद हो सके। विलोबी मेमोरियल परिसर में हुई बैठक में यह भी बताया गया कि 31 मार्च 2015 तक समस्त कर्मचारियों के खातों में एरियर की रकम पहुंच जाएगी। बैठक में कोषाध्यक्ष राजू, अजय कुमार, विनोद कुमार, अशोक कुमार, राजेश, मनोज आदि कर्मचारी उपस्थित रहे।