गोस्वामी तुलसीदास की रचनास्थली रामवाटिका में श्रीराम यज्ञ हुआ। यज्ञाचार्यों ने विधिवत यज्ञ कराया। सैकड़ों लोगों ने यज्ञ में आहुतियां डालीं। महिलाओं ने यज्ञस्थल की परिक्रमा की। सोमवार रात में वृंदावन से आए कलाकारों ने रासलीला का मंचन कर दर्शकों का मन मोह लिया।
इस मौके पर कलाकारों ने भगवान शिव लीलाओं का मंचन किया। मंचन में दिखाया गया कि शंकर जी कैलाश पर्वत से चलकर भगवान श्रीकृष्ण के दर्शन को आए। मां यशोदा ने उन्हें दर्शन कराने से मना कर दिया, फिर शंकर भगवान ने मां यशोदा को नृत्य करके प्रसन्न किया तब माता यशोदा ने शंकर भगवान को श्रीकृ ष्ण के दर्शन कराए। नंद महोत्सव की बधाई हुई। भगवान श्रीकृष्ण ने पूतना का वध करके उद्धार किया।
इस मौके पर नगर पंचायत धौरहरा के चेयरमैन राजीव जायसवाल, रमाकांत अवस्थी, भगौती अग्रवाल, समलिया प्रसाद मिश्र, पं. रामकुमार शर्मा आदि मौजूद रहे।