मझगईं के कंधरहिया में मृतक के परिजन से वार्ता करने पहुंचे एसडीएम व सीओ।
मझगईं। झोलाछाप के गलत इंजेक्शन लगाने से कंधरहिया गांव निवासी नैतिक की मौत होने के बाद लोगों ने जमकर हंगामा किया। पोस्टमार्टम के बाद शव घर लाया गया तो परिजन ने अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। क्लीनिक सील करने और झोलाछाप पर मुकदमा दर्ज होने के बाद ही परिजन माने और शव का अंतिम संस्कार किया।
कंधरहिया गांव निवासी गुड्डू के 12 वर्षीय पुत्र नैतिक की झोलाछाप द्वारा लगाए गए इंजेक्शन के चलते मौत हो गई थी। इसके बाद परिजन आरोपी की गिरफ्तारी और क्लीनिक को सील करने की मांग पर अड़े रहे। थाना प्रभारी अवधराज सिंह सेंगर परिजन को काफी समझाते रहे लेकिन परिजन नहीं माने। एसडीएम कार्तिकेय सिंह व सीओ अरविंद वर्मा दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और परिजन को ढांढस बंधाया।
साथ ही योजनाओं का लाभ दिलाने का आश्वासन देने, क्लीनिक को सील करने और झोलाछाप के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए। जिसके बाद परिजन माने और शव का अंतिम संस्कार किया। पुलिस ने बताया कि विसरा सुरक्षित रख लिया गया है। इंजेक्शन लगाने वाले मुख्य आरोपी कंपाउंडर को पकड़ने के लिए तीन टीमें गठित की गईं हैं। उसके भाई को हिरासत में लिया गया है। मामले में कंपाउंडर सेवकराम पुत्र रामचंद्र और झोलाछाप सुभाष राणा के खिलाफ गैर इरादतन हत्या समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया।