लखीमपुर खरी। हाईवे पर ई-रिक्शा, सीएनजी ऑटो, प्राइवेट नंबर की वैन आदि डग्गामार वाहनों पर रोक को लेकर दूसरे दिन भी एसपी से लिखित आश्वासन न मिलने पर बस ऑपरेटरों का आक्रोश बढ़ गया। आक्रोशित ऑपरेटर मंगलवार को एआरटीओ कार्यालय में करीब 350 बसों के कागज सरेंडर करने पहुंचे। इसके बाद पलिया बस अड्डे पर एकत्र होकर नारेबाजी कर अपना गुस्सा जाहिर किया।
बस ऑपरेटरों ने कहा कि हाईवे पर ई-रिक्शा, सीएनजी ऑटो, प्राइवेट नंबर की वैन के चालक सवारियों को जबरन बिठाते है, इससे उनकी बसों को सवारियां नहीं मिल पातीं। लगातार नुकसान होने से बीमा व टैक्स जमा करने तक समस्या है। चालक-परिचालकों का वेतन निकालना मुश्किल हो रहा। कहा कि परिवहन विभाग तो कार्रवाई करता, लेकिन जब तक पुलिस का साथ नहीं मिलेगा समस्या ऐसी ही रहेगी। बस ऑपरेटरों ने पुलिस और डग्गामार संचालकों पर सांठगांठ का आरोप लगाया। पलिया बस ऑपरेटर्स एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष मनमीत सिंह राणा ने कहा कि डग्गामारी के खिलाफ कई वर्षों से आवाज उठाते आ रहे। एआरटीओ, डीएम, एसपी से लेकर परिवहन मंत्री तक ज्ञापन दे चुके, बावजूद हल नहीं निकला।
जिलाध्यक्ष मनमीत ने बताया कि मंगलवार को एसपी से वार्ता के लिए गए तो उन्होंने एएसपी के पास जाने की बात कहीं। एएसपी के पास गए तो सीओ के पास भेज दिया। सिर्फ उनको इधर-उधर घुमाया जा रहा, लेकिन अभी तक लिखित आश्वासन नहीं मिला। कहा, एसपी डग्गामार वाहनों के खिलाफ कार्रवाई के लिए सभी थानों को पत्र लिख दें तो वे हड़ताल खत्म कर देंगे, लेकिन अभी तक ऐसा नहीं हुआ। इधर, पलिया, निघासन, तिकुनिया, बेलरायां आदि मार्गों पर बसों का संचालन न होने पर यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हालांकि यात्रियों की परेशानी को देखते हुए इस मार्ग पर कई रोडवेज बस संचालित कर दीं गईं, इससे थोड़ी राहत मिली।
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हड़ताल जारी, आज डीएम से मिलेंगे
पलिया बस ऑपरेटर्स एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष मनमीत सिंह राणा ने बताया कि मंगलवार शाम तक उनकी समस्या का समाधान नहीं हो सका है। बुधवार सुबह 11 बजे डीएम से मिलेंगे। समस्या का हल निकलता है तो ठीक, नहीं तो हड़ताल जारी रहेगी।
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फोटो- 40
पलिया बस अड्डे पर चाय, नाश्ते की दुकान है। बसें संचालित होने के दौरान यात्रियों का आना जाना रहता है, इससे काम चलता है। हड़ताल के चलते उसका भी कारोबार ठप है।
सोनू, दुकानदार
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फोटो- 41
पलिया जाना है, लेकिन बसें संचालित न होने से काफी देर से खड़ा हूं। अब देखते हैं क्या साधन मिलता है। बसों की हड़ताल के चलते हम जैसे यात्रियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
रोहित
वर्जन
बस ऑपरेटरों से बात हुई है, जल्द ही हड़ताल खत्म हो जाएगी। वैसे तो विभाग की ओर से कार्रवाई की जाती है। अब पुलिस के साथ संयुक्त कार्रवाई की जाएगी।
-शांति भूषण पांडेय, एआरटीओ
एआरटीओ कार्यालय पहुंचे बस यूनियन के कई संगठनों के पदाधिकारी। संवाद
एआरटीओ कार्यालय पहुंचे बस यूनियन के कई संगठनों के पदाधिकारी। संवाद
एआरटीओ कार्यालय पहुंचे बस यूनियन के कई संगठनों के पदाधिकारी। संवाद