धनगढ़ी-नेपाल। कोरोना की वजह से बीते दस माह से बंद चल रहे भारत-नेपाल के गौरीफंटा सहित 30 नाका को नेपाली गृह मंत्रालय ने खोलने के निर्देश दे दिए हैं। गृह मंत्रालय के मंत्री परिषद की बैठक में लिए गए फैसले में सभी जिला प्रशासन को नाका खोलने के लिए सर्कुलर भेज दिया गया है। अब गौरीफंटा बार्डर जल्द ही खुलने की उम्मीद है।
कोविड-19 को लेकर 21 मार्च से नेपाल सरकार द्वारा भारत-नेपाल के गौरीफंटा नाका समेत भारत-नेपाल के सभी 20 बार्डर बंद कर आवागमन रोक दिया गया था। ऐसे में लोगों को खासी परेशानी हो रही थी। इसके साथ ही भारतीय सीमावर्ती बाजारों में भी इसका खासा असर पड़ा था। काठमांडू में गुरुवार को गृह मंत्री परिषद की हुई बैठक में लिए गए निर्णय में गत 10 माह से बंद चल रहे चीन और भारत के नाकाओं को खोलने का निर्णय लिया गया है। इसमें भारत-नेपाल के धनगढ़ी (कैलाली)-गौरीफंटा, बनबसा- गड्डा चौकी (कंचनपुर) समेत 30 नाका को खोलने का निर्णय लिया गया है। गृह मंत्रालय की बैठक में लिए गए निर्णय को लेकर सभी जिला प्रशासन को प्रपत्र भेज दिया गया है, जिसमें जिला प्रशासन को बार्डर खोलने के लिए निर्देशित किया गया है। कहा गया है कि भारत सीमा से नेपाली और भारतीयों का ही आवागमन होगा, जबकि अन्य देशों के नागरिकों पर रोक लगी रहेगी।