भाकियू जिलाध्यक्ष की शिकायत पर गन्ना और चीनी उपायुक्त ने दिया आदेश
भाकियू जिलाध्यक्ष रामसिंह वर्मा की शिकायत पर गन्ना एवं चीनी उपायुक्त शेर बहादुर सिंह ने जांच कर गुड़ इकाई मालिकों के सट्टे निरस्त करने का आदेश दिया है। उधर गन्ना उपायुक्त को किसानों ने घेर लिया और मिल में हो रही घटतोली पर सवाल उठाए।
भाकियू जिलाध्यक्ष रामसिंह वर्मा ने गन्ना उपायुक्त से खांडसारी इकाइयों द्वारा गन्ना खरीद कर चीनी मिल को आपूर्ति करने की शिकायत की थी। उपायुक्त ने घरथनियां गांव में लगे गुड़ इकाई के मालिक सर्वजीत और विनोद कुमार निवासी झारा के सट्टों की जांच की। जांच सही मिलने पर उनके सट्टे निरस्त करने के आदेश दिए। बताया कि उन्होंने ग्राम परेशनर, गनेशपुर, महम्मदाबाद में भी गुड़ बनाने की इकाइयों की जांच की और जिले के सभी खांडसारी और गुड़ इकाइयों के मालिकों और साझेदारों के सट्टे निरस्त करने के आदेश दिए। उधर समिति में घटतोली पर गन्ना उपायुक्त ने कहा कि गोला में खुटार और मोहम्मदी मार्ग को मिलाने वाले बाईपास पर स्थित शारदा धर्मकांटा को तोल चेकिंग के लिए अधिकृत किया गया है। किसान धर्मकांटे पर मुफ्त तोल कराकर तोल की चेकिंग कर सकते हैं। साथ ही कहा कि चीनी मिल में अंतर आने पर अधिकारी तत्काल मौके पर पहुंचेंगे और समस्या हल कराएंगे। इस पर किसान नेताओं ने अधिकारियों की मिल से मिलीभगत होने का आरोप लगाया। राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन के श्रीकृष्ण वर्मा ने मोबाइल मैसेज में भेजी जा रही गन्ना आपूर्ति पर्चियों की सूचना पर गन्ने की तोल कराने की मांग की। जिस पर गन्ना उपायुक्त ने सचिव भूपेश कुमार राय को निर्देश दिए।