लखीमपुर खीरी की पलिया तहसील क्षेत्र में विद्युत विभाग में तैनात एक लाइनमैन ने जेई की प्रताड़ना से तंग आकर हाइडिल कॉलोनी में खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर खुद को आग लगा ली। मामले का खुलासा तब हुआ जब रविवार को उसकी लखनऊ में इलाज के दौरान मौत हो गई। उधर, मामले में बिजली विभाग के अधिकारी जहां कुछ भी बोलने से बचते रहे। वहीं लाइनमैन की मौत से पहले का वीडियो मिलने पर डीएम महेंद्र बहादुर सिंह ने बिजली विभाग को जेई के निलंबन की संस्तुति और विभागीय जांच के आदेश दिए हैं। जबकि, एसपी संजीव सुमन ने भी तहरीर मिलते ही कार्रवाई की बात कही है।
जानकारी के मुताबिक पलिया इलाके के बमनगर क्षेत्र निवासी रामऔतार का 45 वर्षीय पुत्र गोकुल प्रसाद गोला के कुकरा में लाइनमैन के पद पर तैनात था। पिछले 22 वर्षो से वह बिजली विभाग में नौकरी कर रहा था। शनिवार देर रात जेई की प्रताड़ना से तंग आकर उसने हाइडिल कॉलोनी में ही खुद पर ज्वलनशील पदार्थ डालकर आग लगा ली। परिजन ने पास पड़ोसियों की मदद से आग बुझाई और फौरन निजी अस्पताल लेकर गए, जहां से उसे जिला अस्पताल रेफर किया गया। हालत गंभीर होने पर उसे इलाज के लिए लखनऊ ले जाया गया, जहां रविवार को उसकी मौत हो गई।
उधर, लाइनमैन की मौत की खबर के बाद सोशल मीडिया पर उसकी मौत से पहले का एक वीडियो भी वायरल हुआ, जिससे बिजली विभाग में खलबली मच गई। वायरल वीडियो में मृतक गोकुल ने विभाग के एक जेई पर तबादले के बदले गंभीर आरोप लगाया। कहा कि जेई की प्रताड़ना से वह काफी तंग आ चुका था। इस संबंध में थाने में भी शिकायती पत्र दिया जा चुका था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई थी। उधर मामले से जुड़ा वीडियो मिलने पर प्रशासन ने जेई के खिलाफ कार्रवाई शुरु कर दी है।
डीएम ने निलंबन की संस्तुति
डीएम महेंद्र बहादुर सिंह का कहना है कि मीडिया के माध्यम से वीडियो मिला है, जिसमें लाइनमैन ने विद्युत विभाग के जेई पर गंभीर आरोप लगाए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल प्रभाव से आरोपी जेई के निलंबन की संस्तुति व उसके खिलाफ विभागीय जांच शुरू करने को कहा गया है।