संपूर्णानगर। संपूर्णानगर वन रेंज के ट्रांस शारदा क्षेत्र के हजारा और संपूर्णानगर में बीते दो माह से बाघ और तेंदुए का आतंक है। शनिवार रात थाना हजारा के निकट सड़क किनारे बस्ती में एक तेंदुआ बालिका के सामने आ गया। किसी तरह लोगों ने बालिका को वहां से हटाया। रातभर वन विभाग की टीम तेंदुए की लोकेशन ट्रेस करने में जुटी रही।
शनिवार रात थाना हजारा के मुरेनिया गांधीनगर की बस्ती निवासी लालजी की पुत्री खेत में थी, तभी उसके सामने तेंदुआ आ गया। इसके बाद बालिका चिल्लाते हुए भाग निकली और शोर मचाना शुरू कर दिया। जिस पर परिजन समेत अन्य ग्रामीण एकत्र हो गए और सूचना ग्राम प्रधान मुकेश कुमार को दी गई। प्रधान द्वारा वन रेंज कार्यालय में इसको लेकर अवगत कराया गया, जिसके बाद वन दरोगा पुष्पक सिंह व अन्य वनकर्मी मौके पर पहुंचे और मुआयना किया।
ग्रामीणों ने बताया कि करीब एक सप्ताह से गांवों में बाघ और तेंदुए का आतंक फैला हुआ है। कई पालतू और आवारा घूमने वाले गोवंशों का वह शिकार भी कर चुके हैं, लेकिन वन विभाग द्वारा उनको पकड़ने के लिए कोई रुचि नहीं दिखाई जा रही है। खेतों के साथ ही रास्तों पर जाने से अब ग्रामीण डरने लगे हैं और सड़कों से निकलना उनका मुश्किल हो गया है।
कबीरगंज, गांधीनगर, बीट क्षेत्र समेत संपूर्णानगर इलाके में तेंदुआ व बाघ की दहशत से ग्रामीण परेशान हैं। रेंजर अनिल कुमार ने बताया कि मौके पर टीम भेजी गई थी और खेत में तेंदुए की पहचान हुई है। ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए कहा गया है। तेंदुए ने हमला नहीं किया है।