धान क्रय केंद्र चालू करने तथा बकाया गन्ना मूल्य भुगतान को लेकर डीएम को संबोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा। इससे पहले उन्होंने किसानों की समस्याओं पर भी चर्चा की।
तहसील अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष ध्रुव कुमार सिंह ने कहा कि धान की फसल कटकर किसान के घर आ चुकी है। उसको पैसे की जरूरत है। वह अपनी फसल बेचने के लिए दर-दर भटक रहा है। सरकार अब तक इसके लिए खरीद सेंटर नहीं खुलवा पाई है। निघासन तहसील मुख्यालय तक पर कोई सेंटर नहीं खुल सका है। इससे किसान आढ़तियों और बिचौलियों को अपनी फसल बेचने को मजबूर हैं। इसके साथ ही कुछ चीनी मिलों ने अब तक गन्ना किसानों की पूरी रकम का भुगतान नहीं किया है। वकीलों ने इन मिलों से तत्काल पूरा बकाया भुगतान दिलाने और अब तक भुगतान न देने के लिए जिम्मेदार मिल अफसरों के खिलाफ एफआईआर और अन्य कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। वकीलों ने इस बाबत डीएम के नाम एक ज्ञापन एसडीएम रामप्रकाश को सौंपा है। ज्ञापन देने वालों में विनीत श्रीवास्तव, उमाकांत जायसवाल, अमीन, पंकज जायसवाल, हरिनंदन यादव, आरके चतुर्वेदी, राकेश वैश्य, राकेश शुक्ल, इजहार, रामकिशोर, अख्तर अली, राजू गिरी और रूपेश श्रीवास्तव आदि वकील शामिल थे।