ओयल के जिला अस्पताल के बाहर अवैध प्राइवेट एंबुलेंस की खबर प्रकाशित होने के बाद ये अचानक गायब हो गईं। इससे अस्पताल परिसर में अवैध एंबुलेंस संचालन पर अंकुश लगा है।
ओयल। जिला अस्पताल के बाहर खड़ी अवैध रूप से चल रही एंबुलेंस की खबर प्रकाशित होने के बाद असर देखने को मिला। बृहस्पतिवार को अस्पताल के बाहर अवैध एंबुलेंस नदारद हो गईं।
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सरकारी अस्पतालों के बाहर अवैध रूप से प्राइवेट एंबुलेंस का संचालन काफी समय से हो रहा था। जिला अस्पताल मोतीपुर में ही करीब एक दर्जन प्राइवेट एंबुलेंस खड़ी रहती थीं। यह इन एंबुलेंस में मरीजों के लिए न ही कोई सुविधा है और न ही इनके पास वैध प्रपत्र होते हैं। तीमारदारों को अपनी बातों में फंसाकर अक्सर यह एंबुलेंस चालक मोटा भाड़ा लेकर प्राइवेट अस्पताल में भर्ती करा देते हैं।
मंगलवार को टीएसआई ने चार वाहनों को सीज किया था। इसके बाद भी अवैध रूप से संचालित यह वाहन जिला अस्पताल के बाहर खड़े थे। हालांकि, अमर उजाला ने बृहस्पतिवार के अंक में इस खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया। इसका असर भी देखने को मिला। अस्पताल के बाहर खड़ी यह प्राइवेट एंबुलेंस अपने स्थान पर नहीं मिली।
जिला अस्पताल के बाहर नदारत रहीं अवैध प्राइवेट एंबुलेंस। संवाद