जलभराव से निकलकर कुकरा स्कूल जातीं छात्राएं। संवाद
बांकेगंज। बारिश के दिनों में कुकरा गांव स्थित राजकीय कन्या हाईस्कूल के मुख्य द्वार पर घुटनों तक पानी भर जाता है। छात्राओं और शिक्षिकाओं को इसी गंदे और बदबूदार पानी से होकर स्कूल पहुंचना पड़ता है। इससे बीमारी फैलने और जहरीले जलीय जीवों के काटने का खतरा बना हुआ है।
बांकेगंज-कुकरा मार्ग किनारे मई 2022 में राजकीय कन्या हाईस्कूल संचालित किया गया था। विद्यालय में 310 छात्राएं पंजीकृत हैं। बारिश होते ही मुख्य द्वार पर जलभराव होने से छात्राओं को पानी से होकर कक्षाओं तक पहुंचना पड़ता है। समस्या से परेशान अभिभावकों ने शासन-प्रशासन से स्कूल जाने वाले मार्ग को दुरुस्त कराने की मांग की है।
प्रधानाचार्या अनीता चौधरी ने बताया कि जलभराव की समस्या दूर कराने के लिए ग्राम प्रधान और बीडीओ को पांच बार पत्र लिखा जा चुका है। 10 जून 2025 को पंचायत की ओर से रास्ते पर दो दिन काम कराया गया था। ग्रीष्मकालीन अवकाश के बाद काम बंद कर दिया गया। अब छात्राओं, अभिभावकों और शिक्षिकाओं को गंदे पानी से होकर विद्यालय पहुंचना पड़ता है।
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जल्द दूर होगी समस्या
बीडीओ बांकेगंज गगनदीप सिंह ने बताया कि मामला जानकारी में आया है। बीईओ से वार्ता कर ब्लॉक क्षेत्र के सभी राजकीय हाईस्कूलों, परिषदीय विद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों में जाने वाले मार्गों की सूची मांगी गई है। स्कूलों तक जाने वाले मार्गों को दुरुस्त करना प्राथमिकता में है। कुकरा कन्या हाईस्कूल मार्ग की जलभराव समस्या जल्द दूर कराई जाएगी।