भीषण गर्मी और लू के गर्म थपेड़ों से जिले में जनजीवन बुरी तरह बेहाल है। तापमान में लगातार बढ़ोतरी से लोगों की परेशानियां बढ़ती जा रही हैं। हालत यह है कि दिन भर लोगों का पसीना सूखने का नाम नहीं ले रहा है। गर्मी में एक तो तन पर क पड़े भारी लग रहे हैं ऊपर से कड़ी धूप से बचाव के लिए पूरे तन के साथ चेहरे को भी ढकना पड़ रहा है।
शनिवार इस मौसम का सबसे गर्म दिन रहा। अधिकतम तापमान 44.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27.0 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। सुबह से ही कड़ी धूप के कारण जनजीवन बुरी तरह अस्तव्यस्त हो गया। दोपहर में सड़कों पर सन्नाटा नजर आया। सड़कों पर घूमते पशु भी छाया की तलाश करते दिखे। लू के गर्म थपेड़ों ने भीषण गर्मी को और ज्यादा बढ़ा दिया।
कड़ी धूप और भीषण गर्मी से गांवों के तालाब पोखर सूख गए हैं। इससे पशु पक्षियों के लिए पानी का संकट पैदा हो गया है। शहर से सट कर बहने वाली उल्ल नदी में आज युवाओं और किशोरों को डुबकी लगाकर गर्मी से राहत पाने की कोशिश करते देखा गया। शहरों में बने पक्के मकान दोपहर में भट्ठी की तरह तपते रहे। इसके कारण बिजली रहने के बावजूद लोगों को घर छोड़कर पेड़ों की छाया तलाश करनी पड़ी। अस्पताल में लोग गर्मी से बेहाल रहे। दफ्तरों में लोग मौसम को कोसते दिखे।