सांस और ब्लडप्रेशर के मरीज भी परेशान, जिला अस्पताल में बढ़ी मरीजों की संख्या
लखीमपुर खीरी। सर्दी बढ़ते ही ह्दय, ब्लडप्रेशर, सांस और बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ने लगी है। जिला अस्पताल के आंकड़ों पर गौर करें तो करीब 2000 मरीज प्रतिदिन आ रहे हैं। इनमें ह्दय, ब्लडप्रेशर, सांस के करीब 600 मरीज शामिल है। डॉक्टर ऐसे मौसम में सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं।
डॉ. विजय कुमार वर्मा ने बताया कि ठंडे मौसम में दिल की धमनियां सिकुड़ जाती है। इससे दिल में रक्त और ऑक्सीजन का संचार कम होने लगता है, जिससे हाइपरटेंशन और दिल के रोगों वाले मरीजों में ब्लडप्रेशर बढ़ जाता है। ठंडे मौसम में ब्लड प्लेटलेट्स ज्यादा सक्रिय और चिपचिपे हो जाते हैं। इसलिए रक्त के थक्के जमने की आशंका भी बढ़ जाती है। ठंड में सीने का दर्द और हार्ट अटैक का जोखिम बढ़ जाता है। हल्की धूप निकलने के कारण शरीर में विटामिन डी की कमी भी हो जाती है। ऐसे में दिल की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में अस्थमा के मरीजों की समस्याएं भी बढ़ जाती है। अल सुबह और शाम में मरीजों की सांस फूलने लगती है।
ये बरतें सावधानी
गरिष्ठ भोजन से परहेज करें, भोजन करने के बाद तुरंत न सोएं, सकारात्मक सोच रखकर तनाव से दूर रहें, धूप निकलने के बाद भी गुनगुने पानी से नहाएं, रात में ठंडा पानी पीने से बचें, हाथ मुंह धोने के लिए भी गर्म पानी का प्रयोग करें, खाने में हरी सब्जियों का प्रयोग करें, रात में अजवाइन लेना भी फायदेमंद साबित होगा।
संतुलित और पौष्टिक भोजन लें। खाने में गर्म तासीर वाली चीजों का प्रयोग करें। सुबह शाम घर से बाहर निकलने से बचें। घर पर भी पर्याप्त गर्म कपड़े पहनें। सर को सर्दी से बचाकर रखें। पीने में गुनगुने पानी का प्रयोग करें।
-डॉ. विजय कुमार वर्मा
आयुर्वेदिक चिकित्सक जिला अस्पताल