लखीमपुर खीरी में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने थारू क्षेत्र चंदन चौकी में महाराणा प्रताप, राणा सांगा, भीमराव आंबेडकर, रविदास और ज्योतिबा फुले की गौरव गाथा का जिक्र कर आदिवासियों व शोषित-वंचित समाज को संबोधित किया। उन्होंने मंच से कहा कि रविवार को महाराणा सांगा की जयंती है, और इसके एक दिन पहले थारू समाज के लोगों को भौमिक अधिकार मिलना उनकी गौरवशाली यात्रा को आगे बढ़ाने वाला दोहरी इंजन सरकार का एक कदम है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि सरकार भीमराव आंबेडकर और रविदास जैसी महान विभूतियों की मूर्तियों के संरक्षण व सुरक्षा का कार्य करेगी, जिसके लिए चारदीवारी और छत्र का निर्माण कराया जाएगा। मुख्यमंत्री ने ज्योतिबा फुले की चर्चा करते हुए कहा कि आज उनकी जयंती है, सरकार उनके गौरव को बढ़ाने का कार्य करेगी।
उन्होंने अपने भाषण में साफ संदेश दिया कि सरकार शोषित और वंचित समाज के साथ हर कदम पर खड़ी है। मुख्यमंत्री ने वर्ष 1955 में पूर्वी उत्तर प्रदेश से विस्थापित हुए परिवारों के संघर्ष का भी जिक्र किया, जिन्हें आजादी के बाद भी अधिकारों से वंचित रखा गया था। उन्होंने पूर्व की सरकारों पर बांटने का काम करने का आरोप लगाते हुए कहा कि आज दोहरी इंजन सरकार उनके सपनों को आकार दे रही है।
मुख्यमंत्री बोले- कोई गुंडा बनने का प्रयास करेगा तो मिट्टी मिला दिया जाएगा
मुख्यमंत्री ने थारू समाज को सुरक्षा का भरोसा दिलाते हुए चेतावनी दी कि कोई गुंडा बनने का प्रयास करेगा तो उसे मिट्टी में मिला दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम अधिकार से आत्मनिर्भरता और आत्मसम्मान की ऐतिहासिक यात्रा है, जहां जनता द्वारा दिए गए अधिकार के बदले सरकार अधिकार पत्र दे रही है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि दशकों से अधूरी पुनर्वास यात्रा आज पूरी हो रही है, जिससे जनता और सरकार के बीच विश्वास का सेतु बन रहा है। उन्होंने कहा कि पहले विकास केवल सैफई तक सीमित था, लेकिन अब भाजपा सरकार के लिए 25 करोड़ की आबादी ही परिवार है और सभी 75 जनपदों में समान विकास हो रहा है।