पति का अपहरण कर मांगी थी तीन लाख की रकम
सादे स्टांप पर जबरन हस्ताक्षर कराने का आरोप
बीडीओ प्रणय कृष्ण की शादी को 14 साल बीत गए। बीडीओ का कहना है कि कल्पना उनके साथ चौदह दिन भी नहीं रहीं। पुलिस ने प्रणय के बयानों को कलमबंद किया है।
कोतवाली में बीडीओ ने पुलिस को बताया कि उनकी शादी पारिवारिक सहमति से 14 वर्ष पूर्व हुई थी। 10 दिन ससुराल में रहने के बाद पत्नी कल्पना मायके चली गई। फिर पत्नी ने कभी ससुराल की ओर मुड़कर नहीं देखा। बीडीओ ने पुलिस को बताया कि उन्होंने और उनके परिवार के लोगों ने कल्पना को घर लाने के काफी प्रयास किए लेकिन वह राजी नहीं हुई। इसी बीच कल्पना ने रायबरेली कोर्ट मे गुजारा भत्ते के लिये दावा कर दिया। 11 अप्रैल को कोर्ट का फैसला आया। फैसले में दो हजार रुपये प्रति माह कल्पना को गुजारा भत्ता देना तय किया। उनका कहना है कि गुजारे भत्ते की रकम कम होने से नाराज कल्पना ने उनका अपहरण किया और शारीरिक व मानसिक यातनाएं दीं।
मुझे जान से मारना चाहती थी कल्पना
बीडीओ प्रणय कृष्ण का आरोप है कि कल्पना ने तीन दिनों तक अपने साथी राजू सिंह के साथ मिलकर नई गाड़ी के लिए तीन लाख रुपये मांगे और सादे स्टांप पेपर पर हस्ताक्षर कराया। सर्विस बुक और उत्तराधिकार फार्म पर भी हस्ताक्षर बनवा लिए। नाक पैरों पर रगड़ने, तलवे चाटने पर मजबूर किया। उनका कहना है कि पत्नी का इरादा उन्हें मौत के घाट उतारने का था। पुलिस ने बीडीओ की पत्नी कल्पना, उसके साथी राजूसिंह सहित तीन लोगों के विरुद्ध मामला दर्ज किया है।