दुधवा जंगल में हाथियों से पेट्रोलिंग करते वन कर्मी। स्रोत : वन विभाग।
लखीमपुर खीरी/बांकेगंज। उत्तराखंड के हरिद्वार में दो बाघों को जहर देकर मारने की घटना के बाद दुधवा टाइगर रिजर्व में सतर्कता बढ़ा दी गई है। शनिवार से राजकीय हाथियों के जरिए जंगलों में पेट्रोलिंग शुरू कर दी गई। हाथियों पर सवार वन कर्मियों की टीमें दुर्गम रास्तों, संवेदनशील स्थलों और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रख रही हैं।
डीटीआर के प्रभारी फील्ड डायरेक्टर और अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक बरेली जोन पीपी सिंह ने बताया कि बाघों की सुरक्षा को लेकर सभी जलाशयों की सघन निगरानी कराई जा रही है। भारत-नेपाल सीमा से लगे संवेदनशील क्षेत्रों में भी गश्त बढ़ा दी गई है।
वन विभाग की टीमें जंगल से सटे इलाकों में वन अपराधियों की गतिविधियों पर नजर बनाए हुए हैं। दुधवा पार्क के उप निदेशक जगदीश आर ने बताया कि बाघों और अन्य वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए विशेष सतर्कता बरती जा रही है।