दीपावली के चलते आतिशबाजी का बाजार सजने लगा है। दुकानों पर बड़ी मात्रा में आतिशबाजी का सामान स्टाक है। लिहाजा एहतियात के तौर पर रविवार को एसडीएम सदर आलोक वर्मा और सीओ सिटी एमपी सिंह की अगुवाई में टीम ने शहर के पटाखा कारोबारियों के यहां छापेमारी की है। इस दौरान कोई दुुकानदार स्टाक रजिस्टर नहीं दिखा सका। लिहाजा स्टाक रजिस्टर मेंटेन करने के बाद ही आतिशबाजी बिक्री करने की अनुमति देने के निर्देश दिए गए हैं।
रविवार को देवकली रोड स्थित जाबिर की दुकान पर टीम ने छापा मारा, जहां दुकानदार स्टाक रजिस्टर नहीं दिखा सका। लिहाजा स्टाक और रजिस्टर का मिलान नहीं हो सका। इसके बाद टीम ने साबिर अली, राजू, मोहम्मद, अनुराग फायर वर्क्स पर छापेमारी की। यहां भी दुकानों पर स्टाक रजिस्टर नहीं मिले। लिहाजा एसडीएम ने आतिशबाजी की बिक्री पर रोक लगाते हुए पहले स्टाक रजिस्टर बनाने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद ही बिक्री कर सकेंगे। कार्रवाई की भनक लगते ही कई दुकानें बंद हो गई। सीओ एमपी सिंह ने बताया कि बगैर लाइसेंस के कोई दुकान संचालित नहीं पाई गई है।
अवैध पटाखा बिक्री के खिलाफ अभियान
पलियाकलां। पुलिस और प्रशासन ने अवैध पटाखा बिक्री के खिलाफ छापामार अभियान चलाया। इसमें कई जगह छापे पड़े और मुख्य बाजार में लगी कई दुकानों को हटवा दिया गया है।
रविवार को एसडीएम पीके सिंह, सीओ रामासरे सिंह, कोतवाल केपी सिंह ने मय दलबल के अभियान चलाया गया। वह मुख्य बाजार पहुंचे और यहां जमीन पर रखकर पटाखा बेचा जा रहा था। जिसे अधिकारियों ने हटवा दिया। साथ ही पटाखा कारोबारियों के लाइसेंस भी चेक किए गए। एक कारोबारी के यहां पहुंचकर प्रपत्र देखे और यहां लगी दुकानों को हटवाकर माल मेला मैदान में प्रस्तावित जगह पर लगाने के निर्देश दिए। इसके बाद अधिकारी रामलीला मेला मैदान पहुंचे जहां पटाखा दुकानदारों से सुरक्षा निर्देशों के पालन को कहा गया।