किसान शुक्रवार को रेल रोको आंदोलन के लिए बोझवा रेलवे क्रॉसिंग पर एकत्र हो गए हैं। यहां पर सभा शुरू हो गई है। किसानों का कहना है कि क्षेत्र के ग्राम मटेहिया, बोझवा और दौलतापुर में रेलवे क्रॉसिंग को बंद किए जाने से उन्हें काफी परेशानियां हो रही हैं।
लखीमपुर खीरी में भीरा क्षेत्र के तीन गांवों में रेलवे क्रॉसिंग बंद किए जाने के विरोध में पिछले 15 दिन से धरना प्रदर्शन कर रहे किसान शुक्रवार को बोझवा रेलवे क्रॉसिंग पर रेल रोको आंदोलन के लिए जुटने लगे हैं। भारतीय किसान मजदूर यूनियन (सिंघानिया) के बैनर तले 15 अप्रैल से बोझवा रेलवे क्रॉसिंग के पास धरना प्रदर्शन चल रहा है।
विज्ञापन
संगठन के अध्यक्ष एसके सिंघानिया के आवाहन पर किसान शुक्रवार को रेल रोको आंदोलन के लिए बोझवा रेलवे क्रॉसिंग पर एकत्र हो गए हैं। यहां पर सभा शुरू हो गई है। किसानों का कहना है कि क्षेत्र के ग्राम मटेहिया, बोझवा और दौलतापुर में रेलवे क्रॉसिंग को बंद किए जाने से उन्हें काफी परेशानियां हो रही हैं। रेल लाइन के उस पार अपने खेतों में जाने के लिए किसानों को भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। लंबे समय से रेलवे क्रॉसिंगों को खोलने की मांग कर रहे हैं, पर उनकी मांग पर सुनवाई नहीं हो रही है।
फिलहाल भीरा-पलिया हाईवे चक्का जाम व रेल रोको आंदोलन के एलान को लेकर पुलिस भी पूरी तरीके से सतर्क है। कई थानों की पुलिस मौके पर मौजूद है। पलिया थानाध्यक्ष पंकज त्रिपाठी व भीरा थानाध्यक्ष रोहित दुबे ने किसान नेताओं से वार्ता की। मौके पर एसडीएम पलिया अवनीश कुमार, सीओ गोला रमेश तिवारी, सीओ पलिया जितेंद्र परिहार भी मौजूद हैं। पीएसी व पुलिस बल धरनास्थल पर तैनात है।