गेहूं क्रय केंद्रों पर आने वाले किसानों से गेहूं की उतराई और सफाई आदि किसी प्रकार का खर्च नहीं लिया जाएगा। मंडी सचिव ने बताया कि इस तरह के खर्चो का भुगतान मांग पत्र देने पर मंडी समिति करेगी।
मंडी सचिव उमेश कुमार यादव ने किसानों को बताया है कि जिले में 151 क्रय केंद्र स्थापित किए गए हैं। उन्होंने बताया है इस बार गेहूं क्रयनीति में यह व्यवस्था की गई है कि नियत उतराई और सफाई का खर्च संबंधित मंडी समिति क्रय केंद्र को प्रतिपूर्ति करेगी। उन्होंने बताया सभी क्रय केंद्रों को इलेक्ट्रॉनिक कांटे, पंखे, छलना आदि मंडी समिति की तरफ से उपलब्ध कराए गए हैं। उन्होंने केंद्र प्रभारियों से कहा है कि केंद्र पर क्रियाशील उपकरण ही प्रयोग करें कोई उपकरण खराब है तो मंडी समिति में इसकी सूचना दें उपकरण 24 घंटे के अंदर बदल दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि मंडी समिति के नवीन मंडी स्थल में किसानों को उनके उत्पाद का प्रतिस्पर्धात्मक सर्वाधिक उचित मूल्य दिलाए जाने के लिए समिति के कर्मचारियों से खुली नीलामी करवाने की भी व्यवस्था है। उन्होंने किसानों से कहा है कि किसी भी प्रकार की समस्या आने पर किसान मंडी समिति से संपर्क कर सकते हैं।