लखीमपुर खीरी। मितौली ब्लॉक क्षेत्र के प्राथमिक विद्यालय वर्मानगर में मीट-दारू की पार्टी करने वाले इंचार्ज प्रधानाध्यापक समेत दो अन्य शिक्षकों को बीएसए बुद्ध प्रिय सिंह ने निलंबित कर दिया है। इंचार्ज प्रधानाध्यापक के खिलाफ रसोइया को धमकी देने का भी आरोप लगा है। इसके अलावा ईसानगर के प्राथमिक विद्यालय पोखरा में लंबे समय से अनुपस्थित पाए गए दो शिक्षकों को निलंबित किया गया है। तीनों शिक्षकों के खिलाफ बीईओ को जांच सौंपी गई है।
लखीमपुर-मोहम्मदी मार्ग पर स्थित प्राथमिक विद्यालय वर्मानगर में रविवार की रात को इंचार्ज प्रधानाध्यापक केशव प्रसाद ने अपने रिश्तेदारों को ठहराया था। यहीं विद्यालय में रात को मिड-डे मील की रसोई के बर्तनों में मीट पकाकर खाया गया और दारू पी गई थी। सोमवार को स्कूल खुलने पर शराब की बोतलें और जूठे बर्तन पड़े मिले थे, जिन्हें साफ करने से रसोइया ने मना कर दिया था। तो प्रधानाध्यापक ने दबाव बनाकर रसोइया की बेटी (कक्षा पांच की छात्रा) से बर्तन साफ कराए। इसकी भनक बच्चों को लगी, तो उन्होंने मिड-डे मील खाने से इनकार कर दिया था। शिकायत पर मितौली बीईओ सुनील कुमार सोमवार की सुबह जांच करने विद्यालय पहुंचे थे। जांच में आरोपों की पुष्टि होने पर बीईओ ने इंचार्ज प्रधानाध्यापक केशव प्रसाद के खिलाफ कार्रवाई की संस्तुति करते हुए रिपोर्ट बीएसए को भेजी थी।
इसके अलावा बीएसए के निरीक्षण में ईसानगर ब्लॉक के प्राथमिक/उच्च प्राथमिक विद्यालय (संविलियन) के इंचार्ज प्रधानाध्यापक सुनील कुमार भार्गव सात दिसंबर 2019 से लगातार बिना सूचना के अनुपस्थित मिले। एमडीएम पंजिका एक दिसंबर से अपूर्ण पाई गई और उपस्थित बच्चों के सापेक्ष अधिक छात्र संख्या अंकित पाई गई। बच्चों को यूनिफॉर्म और मोजे वितरण का रिकॉर्ड नहीं मिला। इसके अलावा परिसर में कई अव्यवस्था मिलीं। बीएसए ने सुनील भार्गव को निलंबित कर हसनपुर कटौली के उच्च प्राथमिक विद्यालय में उपस्थिति दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं। इसी प्राथमिक विद्यालय पोखरा के सहायक अध्यापक हेमराज सिंह बिना सूचना के नवंबर माह से लगातार अनुपस्थित पाए गए। बीएसए ने बच्चों के शैक्षिक मौलिक अधिकारों का हनन मानते हुए सहायक अध्यापक हेमराज सिंह को निलंबित कर दिया है और इस दौरान निलंबित अध्यापक को प्राथमिक विद्यालय पोखरा में उपस्थित दर्ज कराने के निर्देश दिए हैं। बीएसए ने दोनों शिक्षकों के खिलाफ बीईओ धौरहरा उपेंद्र सिंह को जांच सौंपी है।