लखीमपुर खीरी। दशहरा मेले की छठी शाम कविता, हास्य और संवेदनाओं के नाम रही। प्रदेश स्तरीय कवि सम्मेलन में नामचीन और स्थानीय रचनाकारों ने अपनी प्रस्तुतियों से श्रोताओं को बांधे रखा।
हास्य-व्यंग्य पर पंडाल ठहाकों से गूंजा तो गीतों और गजलों ने लोगों के दिलों को छुआ। देर रात तक काव्य रस की महफिल जमी रही। इस दौरान स्मृतिशेष कविवर भोलानाथ शेखर को श्रद्धांजलि देकर उनकी साहित्यिक विरासत को नमन किया गया।
नगर पालिका परिषद की ओर से आयोजित सम्मेलन का शुभारंभ मुख्य अतिथि भाजपा नेता शरद बाजपेयी, रश्मि बाजपेयी, नगर पालिका अध्यक्ष डॉ. इरा श्रीवास्तव और अधिशासी अधिकारी संजय कुमार ने संयुक्त रूप से किया। कार्यक्रम की शुरुआत कविवर भोलानाथ शेखर के साहित्यिक योगदान को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि देने के साथ हुई।
कवियों ने अपनी रचनाओं के माध्यम से सामाजिक विसंगतियों, जीवन के संघर्षों और मानवीय संवेदनाओं को स्वर दिया। हास्य-व्यंग्य की प्रस्तुतियों पर श्रोता ठहाके लगाते रहे, जबकि भावपूर्ण गीतों और गजलों ने उन्हें भावविभोर कर दिया। सम्मेलन की अध्यक्षता योगेश सिंह चौहान ने की और संचालन कृष्ण कुमार मौर्य ने किया।
इस दौरान समाजसेवा के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले सूर्य प्रकाश मिश्रा, राम किशोर श्रीवास्तव, मनीष रस्तोगी, मीना पांडिया, रियाज हबीबी, मनमीत सिंह मिंटू, रजत शेखर और रमन शेखर को नगर पालिका की ओर से सम्मानित किया गया।
काव्य पाठ करने वालों में विशेष शर्मा, कुलदीप समर, कमलेश पाण्डेय, आशीष आनंद, दिव्यांशी अवस्थी, कृति श्रीवास्तव, संजीव मिश्रा, अभिनव दीक्षित, डॉ. विजय शुक्ला बादल, मयंक मोहन दीक्षित, इंद्रपाल वर्मा, आलोक पंडित, विनीत दीक्षित, अभिषेक शाश्वत, संदीप कटियार, संदीप मोहन, शशांक पांडेय, हरि बहादुर, श्याम किशोर, जगदीश पांडेय, करुणेश दीक्षित, मोहन लखीमपुरी, लवकुश त्रिवेदी, प्रज्ज्वल शुक्ला और देवी चरण मिश्रा सहित अन्य रचनाकार शामिल रहे।
कार्यक्रम के संयोजन मंडल में सभासद श्वेता शर्मा, निर्मला देवी, पिंकी देवी, पूजा सिंह और आनन्दमयी ने सहयोग किया।