ममरी। महेशपुर जंगल से निकलकर एक चीतल गन्ने के खेत में होते हुए हैदराबाद थाना क्षेत्र के रामपुर नं 18 गांव के समीप पहुंच गया, जिस पर कुत्तों ने उस पर हमला बोल दिया और उसे नोचकर घायल कर दिया।
रविवार को एक चीतल जंगल से निकल आया और गन्ने के खेतों से भटकता हुआ गांव रामपुर नंबर 18 के पास पहुंच गया। जिस पर कुत्तों ने हमला कर दिया। गांव के सतीश, रामचंद्र, अखिलेश, विपिन, मनोज, रवि, मोतीलाल, निर्मल ने लाठियां फटकार कर कुत्तों से उसकी जान बचाई। घायल चीतल को गांव लाकर बांकेगंज पशु चिकित्सालय के फार्मासिस्ट संतकुमार राना को बुलाकर उसका इलाज कराया। ग्रामीणों की सूचना पर महेशपुर रेंजर मोवीन आरिफ मौके पर पहुंचे। वनकर्मियों ने घायल चीतल को महेशपुर जंगल में छोड़ दिया। रेंजर ने वन्यजीव की जान बचाने वाले ग्रामीणों और फार्मासिस्ट के कर्तव्यों की सराहना की।
कुत्तों से बचाकर नीलगाय के बच्चे को जंगल में छोड़ा
संपूर्णानगर वनरेंज के अंतर्गत सिंगाही खुर्द के एक खेत में आए नीलगाय के बच्चे को कुत्तों ने दौड़ा लिया। वनकर्मियों ने ग्रामीणों के सहयोग से नीलगाय के बच्चे को बचाकर जंगल में छोड़ दिया।
सिंगाही खुर्द स्थित एक खेत में कुछ कुत्ते एक नीलगाय के बच्चे को दौड़ा रहे थे। ग्रामीणों ने इसकी सूचना वनकर्मियों को दी। डिप्टी रेंजर विमलेश ने वनकर्मी राजकुमार उर्फ शेरा, राहुल, कल्लू थापा आदि को मौके पर भेजा। जिन्होंने ग्रामीणों की मदद से नीलगाय के बच्चे को कुत्तों के बीच से बचाकर जंगल में छोड़ दिया।