लखीमपुर खीरी। जिला अस्पताल की शिफ्टिंग के मामले में डॉक्टरों की धड़कन दिन पर दिन बढ़ती जा रही है। डॉक्टरों की मंशा है कि जिला अस्पताल को महिला अस्पताल में शिफ्ट कर दिया जाए और महिला अस्पताल को ओयल के मोतीपुर में बने 200 बेड के मातृ एवं शिशु कल्याण हॉस्पिटल में। जिला अस्पताल और महिला अस्पताल, दोनों ही सीएमएस ओयल नहीं जाना चाहते हैं। इसको लेकर खींचतान मची हुई है। फिलहाल सीएमओ की ओर से बनाई गई टीम ने डीएम के माध्यम से शासन को रिपोर्ट भेज दी है। अंतिम निर्णय शासन का होगा।
मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए जिला अस्पताल का पुराना भवन टूटना है। इसके लिए इसे दूसरी जगह शिफ्ट किया जाना है। डॉक्टरों की मंशा है कि जिला अस्पताल को महिला में और महिला को ओयल के 200 बेड के मदर एंड चाइल्ड हॉस्पिटल में शिफ्ट कर दिया जाए। मगर इस पर महिला अस्पताल की सीएमएस तैयार नहीं है। इनका कहना है कि भवन जिला अस्पताल का टूट रहा न कि हमारे अस्पताल का। ऐसे में जिला अस्पताल को महिला में और इसे ओयल ले जाना उचित नहीं है। जैसे जिला अस्पताल यहां आएगा वैसे ही वह ओयल भी जा सकता है।
जिला अस्प्ताल के लिए महिला अस्पताल में व्यवधान उत्पन्न करना उचित नहीं है। बेहतर यही होगा कि पूरा का पूरा जिला अस्पताल मोतीपुर चला जाए, क्योंकि मेडिकल कॉलेज का अस्पताल बनने में दो चार महीने नहीं बल्कि साल लगेंगे। ऐसे में मोतीपुर अस्पताल का नया भवन मरीज एवं अस्पताल स्टाफ के लिए सुविधाजनक साबित होगा।