- व्यापार मंडल, पूर्व पालिकाध्यक्ष, समाजसेवियों ने पिलाया जूस
- ठेेकेदार ने जताया डीएम और एसडीएम का आभार
ठेकेदार विनोद कुमार का भुगतान न किए जाने के विरोध में चल रहा आमरण अनशन छठे दिन खत्म हो गया। पालिकाध्यक्ष ने उनके भुगतान चेक पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। उनका अनशन व्यापार मंडल, पूर्व पालिकाध्यक्ष और समाजसेवियों ने जूस पिलाकर तुड़वाया। चेक पर हस्ताक्षर होने के बाद तमाम लोग उनको सीएचसी से माला पहनाकर नारेबाजी करते हुए अनशन स्थल तक लाए। उनको करीब 33,87,631 रुपये के भुगतान का चेक दिया गया है।
ठेकेदार विनोद कुमार 21 मार्च से नगर पालिका गेट पर आमरण अनशन पर बैठे थे। उन्होंने पालिकाध्यक्ष पर माल गोदाम रोड का निर्माण कार्य कराने के बाद भी भुगतान न करने का आरोप लगाया था। 19 मार्च को दिए गए पत्र में उन्होंने कहा था कि ईओ और टीएसी की संस्तुति के बावजूद चेक पर चेयरमैन हस्ताक्षर नहीं कर रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी थी कि अगर भुगतान नहीं हुआ तो आमरण अनशन शुरू किया जाएगा। इसी के तहत वह 21 मार्च को आमरण अनशन पर बैठ गए थे। उनका अनशन होली के दिन भी जारी रहा था। लगातार कई दिनों तक अनशन करने के कारण उनका स्वास्थ्य खराब हो गया था और एसडीएम के निर्देश पर उनको सीएचसी में भर्ती कराया गया था। इसके बाद भी उन्होंने अनशन नहीं तोड़ा था। इधर, एसडीएम आलोक वर्मा ने चेयरमैन के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा डालने समेत अन्य धाराओं में मुकदमा भी दर्ज कराया। जिससे माहौल गर्मा गया था। अनशन के छठे दिन शनिवार को पालिकाध्यक्ष केबी गुप्ता ने 33,87,631 रुपये के चेक पर पालिका कर्मी और तमाम सदस्यों के बीच हस्ताक्षर किए। इधर विनोद ने पालिकाध्यक्ष के हाथों से चेक लेने से इंकार भी कर दिया। उन्हें पूर्व पालिकाध्यक्ष महमूद हुसैन खान, रमेश चंद्र गर्ग, नगर व्यापार मंडल अध्यक्ष अनूप मिश्रा, आलोक मिश्रा, अनिल वर्मा, जफर अहमद टीटू आदि ने जूस पिलाया और चेक दिया।
पालिकाध्यक्ष बोले डीएम से हुई वार्ता के तहत किया भुगतान
पालिकाध्यक्ष केबी गुप्ता ने कहा है कि डीएम से हुई वार्ता के बाद ही उन्होंने भुगतान किया है। उनके मुताबिक डीएम ने उन्हें रोड की जांच कराने को कहा है और तभी उन्होंने सदस्यों को बुलाकर वार्ता की फिर चेक पर हस्ताक्षर किए हैं। कहा कि वह कोई द्वेष भावना नहीं रखते हैं। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर अनाप शनाप बातें डालीं जा रहीं हैं, जिसके खिलाफ वह तहरीर देंगे।