लखीमपुर खीरी। चैत्र नवरात्र के सातवें दिन देवी मंदिरों से लेकर भक्तों के घरों में मां दुर्गा के सातवें स्वरूप मां कालरात्रि का हवन पूजन हुआ। पुजारियों ने मंदिरों में तो वहीं भक्तों ने घर पर ही विधि विधान से पूजन किया। मंगलवार को मां कालरात्रि के पूजन को लेकर मंदिर और घर भक्तिमय हो गए। इसके अलावा बुधवार को अष्टमी होने के कारण पूजन सामग्री खरीदने को लेकर दुकानों पर लोगों की भीड़ लगी रही। लॉकडाउन होने के कारण नवरात्र भर मंदिरों से भक्तों की भीड़ नदारद रही। इस दौरान भक्तों ने घरों से मां कालरात्रि का पूजन कर जयकारे लगाए और कोरोना की विपत्ति से छुटकारा दिलाने के लिए कामना की। संकटा देवी मंदिर के पुजारी मदन शुक्ला ने मंगलवार सुबह मां का पूजन कर आरती की और उसके बाद भोग लगाया। उन्होंने बताया कि मां के सातवें स्वरूप की उपासना से भक्त के सारी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।
पूजा सामग्री को किया सैनिटाइज
बुधवार को अष्टमी है। इस दौरान अधिकतर भक्त एक दिन पहले और अष्टमी को व्रत रखते हैं। जिसके चलते पूजा सामग्री बेचने वाला एक युवक नारियल को सैनिटाइज करता रहा। उसका कहना था कि लोग आते हैं और नारियल उठाकर देेखते हैं। इसलिए सुरक्षा को लेकर सैनिटाइज कर देता हूं, जिससे हम और खरीदने वाला सुरक्षित रहे।