ओवरलोड गन्ना भरे वाहनों पर एएसपी के वायदे के बाद भी रोक नहीं लगाई गई, जिससे सोमवार को लोगों का गुस्सा फूट पड़ा और कमल चौराहे के पास पलिया-निघासन रोड पर जाम लगा दिया। करीब एक घंटे के बाद एसओ के आश्वासन पर लोगों ने जाम खोला।
एएसपी ने लोगों से ओवरलोड गन्ना भरे वाहनाें पर रोक लगाने का वायदा किया था, लेकिन ओवरलोडिंग कम नहीं हुई तो लोगों का गुस्सा सोमवार की सुबह सात बजे फूट पड़ा और उन्होंने कमल चौराहे के पास पलिया-निघासन रोड पर चीनी मिल को ओवरलोड गन्ना लेकर आ रहीं कई ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को रोककर जाम लगा दिया।
जाम, नारेबाजी और प्रदर्शन की सूचना पर पहुंचे एसओ राजकुमार यादव ने लोगों के गुस्से को देखकर चीनी मिल अधिकारी से फोन पर बात की। उन्होंने बताया कि ट्रांसपोर्टर को नोटिस देकर इस पर अंकुश लगाया जा रहा है। फिर भी ओवरलोड वाहनों का संचालन बंद नहीं हुआ तो वह कार्रवाई करेंगे। इस पर लोग शांत हुए और करीब एक घंटे बाद जाम खुल सका।
पलट चुका है ओवरलोड वाहन
अभी कुछ दिन पहले ही ओवरलोड गन्ना भरा ट्रॉला पलटने से एक मैजिक दबकर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई थी। इसके अलावा पलिया-निघासन मार्ग की रेल क्रॉसिंग पर भी एक ओवरलोड गन्ना भरी ट्रॉली पलट चुकी है जिससे ट्रेन यातायात घंटों बंद रहा था। इस सब के बाद भी पुलिस इन ओवरलोड वाहनों को रोकने में दिलचस्पी नहीं ले रही है।
राजस्व को चूना लगा रहे हैं ट्रॉले
चीनी मिल के बाहरी क्रय केंद्रों से गन्ना लाने के लिए कम खर्च में ज्यादा मुनाफे के लालच में ऐसे ट्रॉले हैं जो मानकों को दरकिनार कर कई सौ क्विंटल गन्ना लादते हैं। यह जब चलते हैं तो हादसों की आशंका रहती है। फिलहाल इससे प्रतिमाह लाखों के राजस्व की हानि हो रही है।
नगर व्यापार मंडल ने की कार्रवाई की मांग
नगर व्यापार मंडल अध्यक्ष अनूप मिश्रा, अमर गुप्ता, चांद कुमार जैन, अनिल वर्मा आदि ने एआरटीओ से व्यावसायिक उपयोग में लाए जा रहे ट्रॉले-ट्रॉलियों पर शिकंजा कसने की मांग की है।