त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के मद्देनजर गांवों में बड़े पैमाने पर कच्ची शराब बनाने का कारोबार शुरू हो गया है, जिस पर अंकुश लगाने के लिए लखनऊ जोन की स्पेशल स्टाइट्रिंक फोर्स की आबकारी निरीक्षक वंदना सिंह के नेतृत्व में आई टीम ने क्षेत्रीय आबकारी टीम के साथ मोहम्मदी सर्किल के दर्जन भर गांवों में कच्ची शराब के ठिकानों पर छापेमारी कर 10 भट्ठिया नष्ट कराईं। इस सर्किल के भोगियापुर गांव के पंचायत घर में छिपा कर रखी गई करीब 20 लीटर कच्ची शराब बरामद की गई और 50 किग्रा लहन नष्ट कराया गया। कार्रवाई के दौरान कई घरों में कच्ची शराब बनाने के लिए प्रयोग की जाने वाली यीस्ट और गुड़ बरामद कर नष्ट कराया गया। इसके अलावा निघासन और पलिया क्षेत्र में बड़े पैमाने पर छापेमारी कर भारी मात्रा में कच्ची शराब कर लहन नष्ट कराया गया।
पलियाकलां। एसडीएम के नेतृत्व में पुलिस और आबकारी विभाग की एक टीम ने इलाके में छापेमारी कर करीब एक हजार लीटर कच्ची शराब बरामद कर दस हजार लीटर लहन नष्ट किया। इस कार्रवाई से कच्ची शराब के कारोबारियों में हड़कंप मच गया।
निघासन। एसडीएम लवकुमार, सीओ मोहम्मद इब्राहिम, आबकारी निरीक्षक दिलीप वर्मा, दरोगा रामभरोसे ने अतिसंवेदनशील गांव रकेहटी के कई घरों में छापा मारा। इस दौरान राजू के घर में भारी मात्रा में लहन पाई गई। टीम ने आबकारी अधिनियम के तहत 11 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। थाने के दरोगा रामभरोसे यादव ने बताया कि ढखेरवा और पढुआ पुलिस ने भी भारी मात्रा में शराब बरामद कर कई लोगों का चालान भेजा है। एसओ डीके यादव ने बताया कि थाने के 36 गांवों को संवेदनशील तथा पांच, गांवों को अतिसंवेदनशील चिह्नित किया गया है। यहां पर पंचायत चुनाव के दौरान कच्ची शराब के ठिकानों पर टीमें पैनी नजर रख रही हैै।
जिला पंचायत और बीडीसी चुनाव की तारीख का ऐलान हो चुका है। चुनाव शांतिपूर्ण कराने के लिए शासन-प्रशासन ने कच्ची शराब की बिक्री रोकने के लिए छापेमारी शुरू कर दी है। इसी को लेकर एसडीएम पीके सिंह, सीओ रामआसरे सिंह, आबकारी इंस्पेक्टर एसपी मल्ल, एसओ केपी सिंह, गौरीफंटा कोतवाल कृष्ण मुरारी शर्मा, बंशी चौकी प्रभारी दिनेश यादव, एसआई नितीश भारद्वाज सहित पुलिस और आबकारी बल ने पतवारा इलाके में छापेमारी की। इसमें टीम को बड़ी कामयाबी मिली और उसने करीब एक हजार लीटर कच्ची शराब बरामद की। इसके साथ ही उसने करीब दस हजार लीटर लहन भी नष्ट किया है। टीम किसी को पकड़ नहीं सकी है उसके मुताबिक छापेमारी के दौरान इसके कारोबारी भाग निकले। आबकारी निरीक्षक ने बताया है कि अभियान जारी रहेगा।
अभी बचे हैं कई इलाके
कच्ची शराब उद्योग के लिए जाने जाने वाले कई इलाके अभी भी बचे हुए हैं। यहां पर बड़े पैमाने पर कच्ची कारोबार किया जाता है। अब देखना है कि आबकारी और पुलिस टीम कहां कहां पहुंच पाती है और इस उद्योग पर कितनी पाबंदी लगा पाती है।