एक वकील के चचेरे भाई था मृतक, पुलिस पर लगाए तमाम आरोप
एसडीएम को दिया ज्ञापन, जांच किसी अन्य एजेंसी से कराने की मांग
आठ दिन पहले हुए एक वकील के भाई कुबेेर की हत्या के मामले में पुलिस पर लीपापोती का आरोप लगाते हुए साथी वकीलों ने तहसील से जुलूस निकालकर चौकी तिराहे पर मानव शृंखला बनाकर जाम लगाया और पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। वकीलों ने एसपी को संबोधित एक ज्ञापन एसडीएम को दिया, जिसमें घटना की जांच स्थानीय पुलिस से हटाकर किसी निष्पक्ष जांच एजेंसी से कराए जाने की मांग की।
10 जुलाई को वकील विजय वाजपेयी के चचेरे भाई अनिल कुमार वाजपेयी उर्फ कुबेर की हत्या कर दी गई थी, जिसमें हत्या का मुकदमा भी दर्ज हुआ था, जो कि बाद में गौरीफंटा कोतवाली पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया था। इसमें पुलिस ने आरोपी महावीर और रमेश भांजे को गिरफ्तार भी कर लिया था। आरोप है कि पुलिस निष्पक्ष जांच नहीं कर रही है। इसी को लेकर पलिया बार एसोसिएशन के नेतृत्व में वकीलों ने तहसील से जुलूस निकाला। जुलूस चौकी तिराहे पर आकर रुका। यहां पर वकीलों ने मानव शृंखला बनाकर रोड जाम कर दी। इसके साथ ही पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की। लगभग आधे घंटा बाद पहुंचे एसडीएम शादाब असलम को वकीलों ने एसपी को संबोधित एक ज्ञापन दिया। जिसमें पुलिस पर आरोप लगाकर कहा गया है कि घटना में दो अन्य आरोपी भी शामिल थे लेकिन पुलिस इस बात को नहीं मान रही है। आरोप है कि पुलिस हत्या जैसे गंभीर अपराध के दोषियों को छोड़ने का प्रयास कर रही है। वकीलों ने घटना की जांच स्थानीय पुलिस से हटाकर निष्पक्ष जांच एजेंसी से कराए जाने मांग की है। जाम और प्रदर्शन के दौरान एसोसिएशन के अध्यक्ष रामप्रकाश पाल, मंत्री दिनेश दीक्षित, विजय वाजपेयी, राजेन्द्र कुमार राठौर, विशाल श्रीवास्तव, मुकेश यादव, उमेश कुमार, फीलाल शर्मा, जीवन प्रकाश मेनरो, रामचंद्र गौतम, रवि मौर्य, अफसर हुसैन, कमाल इदरीशी, जयप्रकाश चौबे आदि तमाम वकील शामिल रहे।